अयोध्या: महाराष्ट्र के सीएम शिंदे को भेंट किये धार्मिक ग्रंथ, उठाई यह बड़ी मांग
अमृत विचार, अयोध्या। भाजपा नेता और मित्रमंच के राष्ट्रीय प्रमुख शरद पाठक बाबा ने रविवार को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के अयोध्या के प्रथम आगमन पर उन्हें श्रीरामचरित मानस और श्रीमद्भागवत गीता भेंट कर इन्हें राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित करने की मांग की।
रामकथा पार्क में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री का अभिवादन एवं स्वागत करते हुए शरद पाठक ने दोनों धार्मिक ग्रंथ उन्हें भेंट किए। वहीं श्रीरामचरितमानस, रामायण व श्रीमद्भागवत गीता को राष्ट्रीय ग्रंथ घोषित करने की अपनी चलाई जा रही मुहिम के अन्तर्गत मित्रमंच के राष्ट्रीय प्रमुख ने पत्रक और मांग को भी सौंपा। बता दें कि इस मांग को लेकर वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को पहले भी मांग पत्र भेज चुके हैं। इसके अलावा कचहरी में अधिवक्ताओं और अयोध्या में धर्माचार्यों को भी पत्रक भेंट किया है। पाठक ने बताया कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ने दोनों धार्मिक ग्रन्थ सहर्ष स्वीकार करते हुए आश्वासन दिया।
यावेळी शिवसेना आणि भारतीय जनता पक्षाचे सर्व प्रमुख मंत्री, आमदार, खासदार, पदाधिकारी आणि हजारो शिवसैनिक उपस्थित होते. pic.twitter.com/5h3oQi351o
— Eknath Shinde - एकनाथ शिंदे (@mieknathshinde) April 9, 2023
अयोध्या में रामलला के दर्शन के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा, महाराष्ट्र के ऊपर से सभी संकट दूर हो जाएं। महाराष्ट्र की जनता सुखी हो जाए। दर्शन करके बहुत खुशी मिली। शिंदे ने कहा, यात्रा में एक अलगपन महसूस होता है। हमे प्रभु राम की कृपा से धनुष बाण भी मिला है, पार्टी का नाम भी मिला है। मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार मैं राम का आशिर्वाद लेने आया हूं। हमारे सभी सहयोगी नेता, मंत्री, विधायक और कार्यकर्ताओं के लिए ये सौभाग्य का दिन है। बाला साहेब ठाकरे का सपना था, लाखों करोड़ों राम भक्तों का सपना था कि अयोध्या में भव्य दिव्य राम मंदिर का निर्माण हो...देश के प्रधानमंत्री मोदी ने राम मंदिर का निर्माण शुरू करके ये सपना सच कर दिखाया है।
वहीं, महाराष्ट्र CM के अयोध्या जाने पर राज्यसभा सांसद व उद्धव ठाकरे गुट के नेता संजय राउत ने कहा, मैं भी कई बार अयोध्या जा चुका हूं लेकिन भाजपा हमारे साथ तो नहीं आई थी जब बाबरी का मुद्दा हुआ था, तब वे भाग गए थे और अब गद्दारों की उंगली पकड़कर जा रहे हैं। ऐसे लोगों को प्रभू श्री राम का आशीर्वाद नहीं मिलता है।
ये भी पढ़ें -UP Nikay Chunav : नगर निकाय चुनाव को लेकर सीएम आवास पर होगी बैठक, जानें कब होगा तारीखों का ऐलान
