आलीजनाब का काफिला निकालने को रस्से बांधे जाते थे- आकाश सक्सेना
शहर विधायक ने बिना नाम लिए अब्दुल्ला को कहा चरसी और नशेड़ी
रामपुर, अमृत विचार। भाजपा के शहर विधायक आकाश सक्सेना ने कहा कि रामपुर में एक दौर ऐसा था कि जब बुलडोजर के डर से रेलवे स्टेशन के बाहर की दुकानों में ताले लग जाते थे। कोई गरीब रिक्शेवाला आली जनबा के काफिले में न आ जाए, इसलिए रस्से बांध दिए जाते थे। कहते थे कि ऊपर के फैसले अल्लाह करता है और जमीन के फैसले मैं करता हूं। उन्होंने जनता से सवाल किया कि अब आप ही बताएं कि ऐसे लोगों के साथ क्या होना चाहिए।
सोमवार को देररात भाजपा के शहर विधायक आकाश सक्सेना ने मोहल्ला नालापार में जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने अब्दुल्ला आजम का बिना नाम लिए कहा कि एक बच्चा है, जो हमें संविदा का विधायक बताता है, जबकि उसे यह पता होना चाहिए कि दो बड़ों के बीच में बच्चे नहीं बोला करते। जो खुद चरसी और नशा करने वाला हो।
एनआरसी प्रकरण में हुए बवाल का भी जिक्र किया। कहा कि यह बवाल कैसे हुआ, इसकी गहराई से जांच की जाए, तो सारा सच बाहर आ जाएगा। आप ही बताएं कि एक नेता जी जो अत्याचार और अन्याय की बात कहते हैं, क्या उन्होंने कभी किसी की जमानत कराने के लिए सहयोग किया। हम जानते हैं कि कुछ लोगों ने रामपुर की भोलीभाली जनता को बेबकूफ बनाने का काम किया है, लेकिन जनता अब सबकुछ समझ चुकी है।
उन्होंने केंद्र और प्रदेश सरकार की योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में डबल इंजन की सरकार में तेजी से विकास कार्य हुए। यदि रामपुर नगर पालिका की सीट भी भाजपा जीत जाएगी, तो यहां विकास कार्यों को गति मिलेगी। हमारे जो प्रत्याशी हैं, उन्होंने ही रामपुर के जालिम के खिलाफ पहली जंग का ऐलान किया था। ऐसे में जुल्म और ज्यादती को पूरी तरह से समाप्त करने के लिए भाजपा की जीत जरूरी है। उन्होंने भाजपा प्रत्याशी डॉ मुसर्रत मुजीब के पक्ष में मतदान करने की अपील की।
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