कर्नाटक में विभाजन की राजनीति पराजित हुई: डी राजा

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

नई दिल्ली। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) के महासचिव डी राजा ने कर्नाटक विधानसभा चुनाव को नफरत और विभाजन की राजनीति की हार बताते हुए कहा है कि उनकी पार्टी ने वहां धर्मनिरपेक्षता और लोकतंत्र की कामयाबी के लिए कांग्रेस का साथ दिया। राजा ने ट्विटर पर अपनी प्रतिक्रिया में कहा, “ कर्नाटक ने नफरत और विभाजन की राजनीति को खारिज कर निर्णायक जनादेश दिया है।

ये भी पढ़ें - कर्नाटक में हुई क्रूर अधिनायकवादी और बहुसंख्यक राजनीति की हार: C M ममता बनर्जी

मोदी-शाह के चुनाव अभियान में मूल मुद्दों को छोड़कर ध्रुवीकरण पर ध्यान दिया गया। वह चाल नहीं चल सकी। ” राजा ने कहा भाकपा ने 224 सदस्यीय कर्नाटक विधानसभा के चुनाव में 215 सीटों पर कांग्रेस को समर्थन दिया और धर्मनिरपेक्षता तथा लोकतंत्र की सफलता में योगदान किया। भाकपा को वहां कुल पड़े वोट का 0.02 प्रतिशत वोट मिला। 

ये भी पढ़ें - राजग गठबंधन में शामिल 10 विधायकों ने की मणिपुर से क्षेत्र को ‘अलग’ करने की मांग 

संबंधित समाचार