Kanpur Dehat: डिप्टी सीएम बृजेश पाठक ने फैक्ट्री का भ्रमण का उत्पादों की ली जानकारी, संविदा कर्मचारी संघ ने सौंपा ज्ञापन
कानपुर देहात में डिप्टी सीएम बृजेश पाठक ने फैक्ट्री का भ्रमण का उत्पादों की ली जानकारी।
कानपुर देहात में डिप्टी सीएम बृजेश पाठक ने फैक्ट्री का भ्रमण का उत्पादों की ली जानकारी। संविदा कर्मचारी संघ ने ज्ञापन सौंपा।
कानपुर देहात, अमृत विचार। जिले के दो दिवसीय दौरे पर आए डिप्टी सीएम ने माती सर्किट हाउस में पौधरोपण किया। इसके बाद रनियां स्थित मयूर एडिबल्स फैक्ट्री का निरीक्षण किया और उत्पादों के बावत जानकारी ली। साथ ही आवश्यक निर्देश दिए।
शनिवार की सुबह डिप्टी सीएम बृजेश पाठक ने माती सर्किट हाउस भवन में अमलतास के पौधे का रोपण करते हुए कहा कि वातावरण में बढ़ते हुए तापमान को नियंत्रित करने के लिए अधिक से अधिक पौधरोपण करें। जिससे पर्यावरण हरा-भरा रह सके। इसके बाद रनियां औद्योगिक क्षेत्र में कानपुर एडिबल्स फैक्ट्री पहुंचे डिप्टी सीएम ने परिसर में स्थित शिव मंदिर में पूजा अर्चना की।
फैक्ट्री के एमडी मनोज कुमार गुप्ता ने उनका माल्यार्पण कर स्वागत किया। इसके बाद डिप्टी सीएम ने फैक्ट्री की उत्पादन इकाई व पैकेजिंग इकाई का भ्रमण कर उत्पादन देखा। साथ ही उत्पादों की गुणवत्ता व आयात-निर्यात के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने कहा कि शासन की ओर से उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए नियमित प्रयास किए जा रहे है।
जिससे सूक्ष्म, मध्यम व लघु उद्योगों को बढ़ावा मिल सके। इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष व एमएलसी अविनाश सिंह चौहान, डीएम नेहा जैन, सीडीओ सौम्या पांडेय, उपायुक्त चंद्रभान सिह, मेराज अहमद समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
एनएचएम संघ ने डिप्टी सीएम से मांगों के निस्तारण की मांग
सातवें वेतनमान का लाभ, बीमा पॉलिसी समेत छह सूत्रीय मांगों को लेकर उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संविदा कर्मचारी संघ ने डिप्टी सीएम को ज्ञापन दिया। उन्होंने लंबित मांगों को जल्द पूरा करने की मांग की।
शनिवार को माती सर्किट हाउस में संविदा कर्मचारी संघ के जिला संयोजक रत्नेश बाजपेयी ने डिप्टी सीएम बृजेश पाठक को ज्ञापन देते हुए बताया कि प्रदेश के संविदा कर्मचारियों जिनको सातवॉ वेतन आयोग का लाभ दिए जाने की घोषणा की गई थी। उन्हें राज्य संविदा कर्मचारी में शामिल करते हुए प्रदान किया जाए। साथ ही राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत सभी संविदा कर्मचारियों के लिए बीमा पॉलिसी का निर्धारण किया जाए।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य संविदा कर्मचारियों के लिए कोई वेतन पॉलिसी न होने के कारण पिछले लगभग 16 वर्षों से वह एक समान पद और योग्यता होते हुए भी समान मानदेय नहीं पा रहे हैं। जबकि हजारों कर्मचारी अल्प वेतन में अपने गृह जनपद से दो सौ से आठ सौ किमी. की दूरी पर गैर जनपद में तैनात हैं। उनके पदों पर पूर्व की भांति स्थानांतरण प्रक्रिया को बहाल करते हुए इच्छुक संविदा कर्मचारियों की स्थानांतरण नीति दोबारा लागू की जाए।
इसके अलावा आउटसोर्स प्रक्रिया समाप्त करते हुए एनएचएम के तहत आउटसोर्स के माध्यम से कार्यरत कर्मचारियों को जिला स्वास्थ्य समिति व राज्य स्वास्थ्य समिति के तहत समायोजित किया जाए। संविदा के सापेक्ष जो पद स्वास्थ्य विभाग में अभी तक सृजित नहीं है। उन पदों का सृजन किया जाए। डिप्टी सीएम ने मांगों का जल्द निराकरण करने का आश्वासन दिया।
