सुलतानपुर: डीपीआरओ ने पूर्व प्रधान और सचिव के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का दिया आदेश

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Edited By Amrit Vichar
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सुलतानपुर/अमृत विचार। पंचायत भवन निर्माण की शिकायत पर वर्तमान सचिव के साथ जांच करने पहुंचे बीडीओ को शासकीय धन के गबन की जानकारी मिलने पर डीपीआरओ ने खंड विकास अधिकारी को पूर्व प्रधान व सचिव के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने का आदेश दिया था। जिसके अनुपालन में सहायक विकास अधिकारी ने तहरीर देकर गबन का मुकदमा दर्ज कराया है।

कुड़वार विकास खंड प्रतापपुर प्रथम के पूर्व प्रधान संजय दूबे व सचिव राम सुंदर गुप्ता के कार्यकाल में पंचायत भवन निर्माण के लिए लगभग आठ लाख रुपये की निकासी की गई थी, लेकिन कार्य पूर्ण  नही कराया गया। जिसकी जांच खंड विकास अधिकारी सत्यनारायण सिंह ने वर्तमान सचिव शिवराम के साथ तीन जून को जांच करके आख्या डीपीआरओ को भेजी थी। पूर्व में मार्च में निर्माणाधीन पंचायत भवन की एमबी कराई गई थी, जिसमें लगभग साढ़े पांच लाख रुपये का कार्य कराया गया है। 

खंड विकास अधिकारी की जांच आख्या का संज्ञान लेते हुए डीपीआरओ अभिषेक शुक्ल ने बीडीओ को पूर्व प्रधान व सचिव के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने का निर्देश दिया। जिसके बाद शुक्रवार को सहायक विकास अधिकारी पंचायत संतोष पाल ने कुड़वार पुलिस को तहरीर देकर तीन लाख 85 हजार 248 रुपए के गबन का मुकदमा पूर्व प्रधान संजय दूबे व पूर्व सचिव राम सुंदर गुप्ता के खिलाफ दर्ज कराया है। 

डीपीआरओ अभिषेक शुक्ल ने बताया कि पंचायत भवन निर्माण के लिए जो राशि आवंटित हुई थी, उसे खाते से निकाल लिया गया। पंचायत भवन का निर्माण पूर्ण नहीं कराया गया। जांच में अनियमितता मिलने पर बीडीओ के माध्यम से कुड़वार थाने पर एफआईआर दर्ज कराई गई है। प्रभारी निरीक्षक गौरीशंकर पाल ने बताया कि एडीओ पंचायत की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर विवेचना प्रचलित है।

पूर्व प्रधान ने साल भर पहले दर्ज कराया था चोरी का केस 
सुलतानपुर। कुड़वार विकास खंड के प्रतापपुर प्रथम गांव के पूर्व प्रधान संजय दूबे ने पिछले वर्ष फरवरी माह में पुलिस को तहरीर देकर चोरी का मुकदमा दर्ज कराया था। पूर्व प्रधान द्वारा पुलिस को दी गई तहरीर के अनुसार उन्होंने अपने कार्यकाल में पंचायत भवन निर्माण के लिए प्रथम किस्त निकालकर ईंट, मोरंग, बालू, सरिया, सीमेंट आदि निर्माण स्थल पर मंगवाया था। 

इसी बीच पंचायत चुनाव की प्रक्रिया शुरू होने के बाद निर्माण कार्य रोकना पड़ा। परन्तु इसी बीच उक्त निर्माण सामग्री में से 18 हजार ईंट, 8 ट्राली मोरंग, 25 कुंतल सरिया सहित अन्य सामान की चोरी हो गई। पुलिस ने तहरीर के अनुसार अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्जकर विवेचना शुरू की। काफी दिन विवेचना चलने के बाद आरोपी की जानकारी न होने पर मुकदमे में फाइनल रिपोर्ट भेज दी गई।

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