अयोध्या: 84 कोसी परिक्रमा पथ पर सरकार ने बढ़ाए कदम, दो हजार करोड़ से ज्यादा का टेंडर जारी

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एनएच 227 बी के इस हिस्से को 18 से 24 माह दिया गया है पूरा करने का समय

अयोध्या/अमृत विचार। लोकसभा महासमर 2024 की तैयारियों में जुटी भाजपा सरकार ने फिर से सत्ता अपने पाले में करने के लिए राम मंदिर और हिंदुत्व के मुद्दे को सियासी धार देने की कवायद तेज कर दी है। जनवरी में पीएम मोदी के हाथों जन्मभूमि पर निर्माणाधीन भव्य राम मंदिर में रामलला को विराजमान करने की तैयारी के साथ सरकार ने 84 कोसी परिकर्मा मार्ग पर तेजी से कदम बढ़ाया है। कुल 3350 करोड़ लागत के 275 किमी लंबे 84 कोसी परिक्रमा मार्ग के निर्माण के लिए दो तिहाई हिस्से का टेण्डर जारी कर दिया है। इस हिस्से को 18 से 24 माह में पूरा करने की मियाद तय की है।

मान्यता के मुताबिक त्रेतायुगीन कौशल देश की सीमा जनपद अयोध्या समेत अंबेडकरनगर, बस्ती, बाराबंकी और गोंडा के 51 विभिन्न तीर्थ स्थलों, ऋषि-महर्षियों के आश्रमों, कुंडों-तालाबों आदि की 84 कोसी परिक्रमा 84 लाख योनियों में भटकाव से बचने के लिये लगभग एक लाख वर्ष से की जाती है। हिदुत्व के मुद्दे को उभार कर सियासी भटकाव से पार पाने के लिए केंद्र की भाजपा सरकार ने 84 कोसी परिक्रमा मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग 227 बी घोषित किया है और पूरे परिक्रमा मार्ग को 45 मीटर चौड़ा टू लेन पेवर्ड ब्लाक सड़क बनाने का निर्णय लिया था। वैसे तो पारंपरिक परिकर्मा मार्ग की लंबाई 253.6 किमी है लेकिन एनएचआई 275 किमी सड़क का निर्माण कराएगा।

 महत्वपूर्व पड़ाव स्थलों पर जन सुविधाओं के विकास के साथ रास्ते पर पड़ने वाले मैथ-मंदिर, आश्रम, कुंड-तालाब आदि का जीर्णोद्धार और सौंदर्यीकरण किया जाना है। संपर्क मार्ग और अन्य चुनिंदा स्थलों पर 60 मीटर तक चौड़ी सड़क का निर्माण होना है। जिसके लिए परिक्रमा के शुरूआती स्थल बस्ती के मखौड़ा से जिले के सारपुर, सारपुर से गोसाईगंज, गोसाईगंज से बीकापुर और बीकापुर से पटरंगा के बीच बनने वाले परिक्रमा मार्ग का टेंडर जारी कर दिया है।     

परिक्रमार्थियों के लिए बनेगा डेढ़ मीटर चौड़ा ग्रास बेड लेन 
पांच जिलों के 100 गांवों से गुजरने वाले इस 84 कोसी परिक्रमा मार्ग पर परिक्रमार्थियों के लिए डेढ़ मीटर चौड़ा ग्रास बेड लेन बनाया जाएगा। साथ ही सड़क के एक ओर एक मीटर चौड़ा पेवर्ड ब्लाक का लेन और सड़क के दोनों तरफ एक-एक मीटर चौड़ा मिटटी का शोल्डर होगा। सरयू नदी पर शेरवाघाट और कमियार से मूर्तिहनघाट पर पक्का पुल बनाया जाना है।

परिक्रमा पथ पर भारी वाहनों का आवागमन तथा प्रवेश रोकने के लिए थोड़ी-थोड़ी दूर पर स्टील हाइट बैरियर लगवाया जाएगा। यह परिक्रमा पथ एनएच 28 को एक, एनएच 27 को एक, एनएच 135 ए को एक और एनएच 330 को बीकापुर व इनायतनगर में क्रास करेगा। पथ पर पड़ने वाले आश्रमों व मठ-मंदिरों पर डेढ़ मीटर ऊँची बाउंड्रीवाल तथा जनसुविधा के लिए शेड आदि का निर्माण होना है।  

छह फेज में बांटा है परिक्रमा पथ को 
फेज                                                              लंबाई (किमी)      लागत (करोड़)
फेज 1  -  जगरनाथपुर से सारपुर वाया मखौड़ा           36.04                378.60 
फेज 2 -  सारपुर से गोसाईगंज                               18.878              591.28 
फेज 3  -  गोसाईगंज से बीकापुर                             25.500              243.06 
फेज 4  -  बीकापुर से पटरंगा                                  67.600             808.08 
फेज 5  -  पटरंगा से रायपुर                                    20.200                ---
फेज 6 -  रायपुर से जगरनाथपुर                             68.920                ---

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