रुद्रपुर: जलभराव के मुख्य कारणों व डाटा एकत्र करेगी सर्वे एजेंसी

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

रुद्रपुर, अमृत विचार। शहर के लोगों को वर्षों पुरानी जलभराव की समस्या से आने वाले दिनों में निजात मिल जाएगी। इससे लिए विधायक शिव अरोरा ने सिंचाई विभाग और सर्वे एजेंसी के साथ बैठक की। सर्वे एजेंसी शुरुआत में 45 दिन तक जलभराव के मुख्य कारणों व डाटा एकत्र कर रिपोर्ट तैयार करेगी। इसके बाद वार्डों में सर्वे किया जाएगा। इसमें 245 दिन लगेंगे। इसके बाद डीपीआर तैयार की जाएगी। 

शनिवार को विधायक अरोरा ने कैंप कार्यालय में सिंचाई विभाग व सर्वे एजेंसी के साथ रुद्रपुर में होने वाले सर्वे के रोड मैप व कार्य प्रणाली पर चर्चा की। बैठक के बाद विधायक अरोरा ने बताया कि रुद्रपुर विधानसभा की जलभराव की समस्या वर्षों से चली आ रही है। 2021 में रुद्रपुर में जब जल त्रासदी आई थी। उस समय मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी स्वयं मौके पर आकर जलभराव की समस्या देखी थी। 2022 में विधायक बनने के बाद उन्होंने इस मुद्दे को प्राथमिकता के साथ दस बिंदुओं में शामिल करते हुए सीएम धामी के समक्ष रखा था।

हाल ही में पंतनगर में हुई विधायक समीक्षा बैठक में भी जलभराव के विषय को उठाया। इसके बाद सीएम ने इस विषय को मुख्यमंत्री घोषणा में शामिल करने के लिए शासन को आदेश दिए थे। उन्होंने बताया कि सिंचाई विभाग ने सर्वे के कार्य के लिए टेंडर भी निकाल दिया है। सर्वे का काम वीकेएस इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी करेगी।

इस दौरान सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सर्वे में अन्य विभागों से भी डाटा संग्रह कर संयुक्त बैठक की जाएगी। जिसमें सभी विभाग, जनप्रतिनिधियों के साथ सभी के सुझावों को शामिल करते हुए अंतिम रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
अरोरा ने कहा यह बहुत पहले की समस्या है और कार्य पूरा होने में कई वर्ष लग सकते हैं।

चरणबद्ध रूप कार्य करते हुए इसमें सर्वे के आधार पर भी जलभराव के कारण का स्थायी समाधान निकल पायेगा। इस अवसर पर सिंचाई विभाग से अधिशासी अभियंता प्रमोद कुमार, पीसी पांडेय, सहायक अभियंता हरीश चंद्र, राज चक्रवर्ती, सर्वे टीम से पुरषोत्तम कुमार, भाजपा जिला मीडिया प्रभारी मयंक कक्कड़, सुनील यादव, डंम्पी चोपड़ा आदि मौजूद रहे।

संबंधित समाचार