हल्द्वानी: विदेशों में भी भाइयों तक राखियां पहुंचा रहा डाक विभाग

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Edited By Amrit Vichar
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हल्द्वानी, अमृत विचार। शहर के प्रधान डाक घर में रक्षा बंधन पर विदेश में रहने वाले भाइयों को राखी भेजने के लिए बहनों की भीड़ उमड़ रही है। रक्षाबंधन पर्व को लेकर प्रधान डाकघर ने भी अपनी तैयारियां की हैं। विभाग की प्राथमिकता यही है कि रक्षा बंधन से पहले बहनों द्वारा भेजी राखियां भाइयों तक पहुंच जाएं।

बहनें देश ही नहीं बल्कि विदेश में रहने वाले अपने भाइयों के लिए राखियां भेज रही हैं। डाकघर के अफसरों के मुताबिक बीते वर्षों में कोरोना महामारी के चलते राखियां भेजने वालों की संख्या में कमी आई थी। लेकिन इस बार इसमें इजाफा देखने को मिल रहा है। अभी तक 335 लोग अपनी राखियां बुक करवा चुके हैं। इससे डाक विभाग अब तक 2 लाख 31 हजार रुपये की कमाई भी कर चुका है। 

वर्तमान समय में राखियां भेजने के कई विकल्प मौजूद हैं, लेकिन अब भी डाकघरों से राखियां भेजने का चलन बरकरार है। बड़ी संख्या में लोग राखियों के लिए डाकघरों पर ही निर्भर हैं। दूर-दराज इलाकों में जहां ऑनलाइन डिलीवरी सेवा नहीं पहुंच पाती है वहां भी डाक विभाग डिलीवरी कर रहा है। डाकघरों में बड़ी संख्या में लोग गांव- कस्बों और शहरों के साथ ही विदेश के लिए भी राखियां बुक करवा रहे हैं, जिसके चलते डाकियों की जिम्मेदारी और बढ़ गई है। 

दूसरे देशों में भी पहुंच रहीं राखियां
राखियां भेजने के लिए नियमित पार्सल तैयार किए जा रहे है। पार्सल पर राखी स्पेशल लिखा हुआ है। इसमें ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका, कनाडा, लंदन, जर्मनी समेत कई देशों में राखियां पहुंच रही हैं। विदेशों में राखियां भेजने के लिए स्पीड पोस्ट व पार्सल के जरिए भी राखियां भेजी जा रही हैं। 

राखी भेजते समय बरते सावधानी
डाक विभाग से राखी भेजते वक्त सावधानी बरतना जरूरी है। लिफाफे पर पूरा पता लिखा होना चाहिए। इसमें पिनकोड और लैंडमार्क अवश्य अंकित करें। लिफाफे पर अपना और जिसे भेजना है, उसका फोन नंबर लिखें। वहीं लिफाफे के अंदर रुपये या अन्य कीमती सामान नहीं रखें। 

डाकघर खुलते ही डाकघर पर लोगों की कतार लग रही है। कई डाकघरों में इस समय कुल डाक बुकिंग का 70 फीसदी केवल राखियां बुक हो रही हैं। वहीं प्रधान डाक घर अब तक  2 लाख 31 हजार रुपये तक की कमाई कर चुका है। 
-गौरव जोशी, पोस्टमास्टर, प्रधान डाकघर 

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