लखीमपुर-खीरी: हत्या के मामले में तीन सगे भाइयों समेत सात को उम्रकैद

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

लखीमपुर-खीरी, अमृत विचार। पुरानी रंजिश के चलते घर से खींचकर हत्या मामले में तीन सगे भाइयों समेत सात लोगों को कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। एडीजे अनिल कुमार ने सातों आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक आरोपी को 30500 रुपये जुर्माना भरने का भी आदेश दिया है।

सहायक शासकीय अधिवक्ता रमेश चन्द्र मिश्र ने बताया कि निघासन थाना क्षेत्र के गांव छेदीपुर के रहने वाले  हसरत अली का पड़ोसी गांव गदियाना मजरा बल्लीपुर के रहने वाले मजहर आदि से वर्चस्व को लेकर पुरानी रंजिश चली आ रही थी।  इसी रंजिश की वजह से 22 जुलाई 2014 की दोपहर करीब तीन बजे जब हसरत अली अपने पिता सगीर अहमद के साथ घर मे बैठे थे तभी मजहर, अजहर, कमाल, सद्दीक और सद्दीक के तीन बेटे हैदर, अमजद व बंगाली उर्फ वारिस नाजायज असलहों और लाठी डंडों से लैस होकर हसरत के घर मे घुस आए।

तभी हसरत और उसके पिता सगीर को घर से बाहर खींच ले गए और लाठी डंडों से मारा पीटा। हमले में हसरत, सगीर और घर की महिलाएं गम्भीर रूप से चोटिल हो गईं। दौरान इलाज सगीर की मौत हो गयी। इस मामले में हसरत अली ने मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने आरोपितों को गिरफ्तार कर जेल भेजने के बाद सभी के खिलाफ आरोपपत्र कोर्ट में दाखिल कर दिया। अदालत में सुनवाई के दौरान अभियोजन ने वादी और चुटहिल हसरतअली, हाजिरा बानो, सिराज बानो, डॉक्टर और विवेचक समेत तेरह गवाहों को पेश कर उनके बयान दर्ज कराए। एडीजे अनिल कुमार ने अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनने के सातों आरोपियों  को दोषी पाते हुए सजा सुना दी।

ये भी पढे़ं- लखीमपुर-खीरी: दुष्कर्म पीड़िता बोली पुलिस ने कमरे में बंद कर पीटा, सादे कागज पर लगवाया अंगूठा

 

संबंधित समाचार

टॉप न्यूज