मुरादाबाद: भाकियू ने कलेक्ट्रेट में दिया धरना, 25 को जनता कर्फ्यू
मुरादाबाद, अमृत विचार। पांच जून को किसानों के लिए लागू अध्यादेश को आधार बनाकर भारतीय किसान यूनियन के सदस्यों ने सोमवार को विरोध प्रदर्शन किया। इस मुद्दे पर देश के किसानों के मूड का हवाला देकर सरकार को ललाकरा और कलेक्ट्रेट में धरना देकर सरकार से कृषि कानून वापस लेने की मांग की। ऐलान किया …
मुरादाबाद, अमृत विचार। पांच जून को किसानों के लिए लागू अध्यादेश को आधार बनाकर भारतीय किसान यूनियन के सदस्यों ने सोमवार को विरोध प्रदर्शन किया। इस मुद्दे पर देश के किसानों के मूड का हवाला देकर सरकार को ललाकरा और कलेक्ट्रेट में धरना देकर सरकार से कृषि कानून वापस लेने की मांग की। ऐलान किया कि संसोधित अध्यादेश किसान विरोधी है। इसलिए 25 सितंबर को किसान जनता कर्फ्यू लगाएंगे।
जिले भर से जुटे किसानों ने संगठन के जिलाध्यक्ष मनोज चौधरी, मंडलीय उपाध्यक्ष ऋषिपाल चौधरी, डा. चरण सिंह, हरदीप सिंह, जयवीर सिंह, डा.नौ सिंह, जितेंद्र विश्नोई की अगुवाई में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान भारी संख्या में सुरक्षा बलों के जवान सड़क पर थे। आम्बेड़कर पार्क में संगठन के सदस्यों को संभालते हुए किसान नेता सड़क पर उतर गए। इसके बाद कचहरी पहुंचकर डीएम कार्यालय के आगे धरना पर बैठ गए। दो घंटे तक प्रशासन की नहीं सुनी। बाद में एडीएम प्रशासन लक्ष्मीशंकर सिंह को ज्ञापन दिया और अगले चरण के आंदोलन का ऐलान कर दिया।
धरना स्थल पर पूर्व अध्यक्ष महेंद्र सिंह रंधावा ने कहा कि 25 सितंबर को सहारनुपर और लखनऊ में किसानों के आंदोलन में बदलाव किया गया है। अब किसान आंदोलन में भाग लेने दूर नहीं जाएंगे। दोनों मंडल के किसान सड़क पर ताकत दिखाएंगे। जनता कर्फ्यू में हम सरकार से जंग करेंगे। अन्य वक्ताओं ने कहा कि कृषक कीमत आश्वासन एवं कृषि सेवा करार अध्यादेश, कृषक उपज व्यापार संवर्धन, ईसी एक्ट संसोधन और न्यूनतम समर्थन मूल्य कानून को लेकर अपनी राय रखी।
दो टूक कहा कि संगठन को सराकर का यह निर्णय मंजूर नहीं है। इससे देश का किसान परेशान होगा और इसके खिलाफ पूरे देश के किसान और संगठन एक राय है। धरना में प्रेमपाल सिंह, वीर सिंह, दिनेश चौधरी, नवनीत विश्नोई, नरेंद्र प्रताप, हरिराज सिंह, धर्मवीर सिंह, सरदार गूजर सिंह, शशि सिंह, रनधीर सिंह, गजेंद्र सिंह सहित अन्य सदस्य मुख्य रूप से मौजूद रहे।
