मुरादाबाद की डीटीआई भी निजी कंपनी को सौंपने की तैयारी

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Edited By Amrit Vichar
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साल भर में प्रदेश के सभी केंद्रों में यह व्यवस्था हो जाएगी प्रभावी, प्रदेश के 5 मंडलों की डीटीआई निजी कंपनी के हाथ में : आरआई

मुरादाबाद, अमृत विचार। सड़क सुरक्षा के मद्देनजर राज्य सरकार के संकल्पों में यहां ड्राइविंग टेस्टिंग एवं ट्रेनिंग संस्थान का संचालन निजी हाथों में जाने वाला है। इसके बाद यहां ड्राइविंग लाइसेंस परीक्षा टेस्ट निजी संस्थान कराएगा। यह कार्य अधिकतम एक साल के भीतर हो जाना है। प्रदेश के पांच मंडलों में इसकी शुरुआत भी हो चुकी है। अब जिन मंडलों में यह प्रक्रिया अपनाई जाने वाली है, उसमें मुरादाबाद भी शामिल है।

राज्य के गोरखपुर, मथुरा, अयोध्या, वाराणसी और प्रयागराज में मारुति सुजुकी कंपनी ने इस कार्य का ठेका लिया है। जबकि, प्रदेश के 58 जिलों में ड्राइविंग टेस्टिंग एंड ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (डीटीटीआई) विभाग के बदले नियम के अनुसार संचालित होने वाले हैं। ऐसा करके सरकार सड़क सुरक्षा यानी कि सड़क परिवहन को बेहतर करने का प्रयास करेगी। वाहन चलाने के नियमों की बेहतर जानकारी होने के बाद हादसे कम होंगे। इस कदम से सरकार परिवहन सेवा में गुणात्मक सुधार का दावा कर रही है।

विभाग का मानना है कि ड्राइविंग ट्रेनिंग एंड ट्रेनिंग की व्यवस्था में गुणात्मक बदलाव के बाद ही बेहतर सड़क सुरक्षा संभव है। वाहनों को चलाने का सही नियम समझने के बाद लोग सुरक्षित यात्रा करे सकेंगे। नियमानुसार वाहन चलाने के जरूरी नियमों की जानकारी होने के बाद सरकार का सड़क पर सुरक्षित यात्रा का नारा प्रभावी हो सकेगा।

सूत्रों की मानें तो शाहजहांपुर, गौमतबुद्धनगर, गाजियाबाद, गाजीपुर, रामपुर, बुलंदशहर, लखनऊ, फिरोजाबाद, आगरा, सोनभद्र, बागपत, देवरिया, हरदोई, पीलीभीत, बिजनौर, उरई, जौनपुर में नई व्यवस्था लागू होनी है। इन क्षेत्रों से 30 कंपनियों ने सरकार से यह कार्य मांगा है जिसमें, 24 आवेदनों पर विभागीय अधिकारी विचार भी कर चुके हैं। उधर, रायबरेली में इंस्टीट्यूट आफ ड्राइविंग ट्रेनिंग एंड रिसर्च (आईडीटीआर) का पूरा कार्य हो गया है। इस कार्य के लिए कर्मचारी, निरीक्षक और तकनीकी शिक्षक खोज लिए गए हैं। टेस्टिंग ट्रैक का परीक्षण जारी है। इसी साल के अंत तक यह केंद्र निजी कंपनियों के प्रबंध के तहत कार्य प्रारंभ कर देगा।

संभागीय निरीक्षक, प्राविधिक (आरआई-टी) हरिओम का कहना है कि ड्राइविंग टेस्टिंग इंस्टीट्यूट (डीटीआई) को लेकर सकार की मंशा साफ है। राज्य के गोरखपुर, मथुरा, अयोध्या, वाराणसी और प्रयागराज का संचालन निजी हाथों को सौंपा जा चुका है। मुरादाबाद सहित प्रमुख जिलों में ड्राइविंग टेस्टिंग का कार्य निजी कंपनियों को दिया जाना है क्योंकि, यह कार्य पूरी तरह से तकनीक आधारित है। एक साल के अंदर ड्राइविंग टेस्टिंग एवं ट्रेनिंग का आटोमेशन प्राइवेट हाथों को सौंप दिया जाएगा।

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