बरेली: अरमानों पर फिरा पानी, नहीं मिला किसानों को ‘सम्मान’
बरेली, अमृत विचार। शासन और जिला प्रशासन के तमाम दावों के बाद भी कोरोना काल में अर्थिंक तंगी की मार झेल रहे किसानों पर दोहरी मार पड़ रही है। आवेदन के बावजूद लाखों किसान सम्मान निधि से अब भी वंचित हैं। वहीं, पिछले दिनों सम्मान निधि की छठी किस्त जारी होने के बाद भी बड़े …
बरेली, अमृत विचार। शासन और जिला प्रशासन के तमाम दावों के बाद भी कोरोना काल में अर्थिंक तंगी की मार झेल रहे किसानों पर दोहरी मार पड़ रही है। आवेदन के बावजूद लाखों किसान सम्मान निधि से अब भी वंचित हैं। वहीं, पिछले दिनों सम्मान निधि की छठी किस्त जारी होने के बाद भी बड़े पैमाने पर किसानों के खाते में धनराशि नहीं पहुंची है। परेशान किसान उप निदेशक कृषि कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं।
2019 में लोकसभा चुनाव से पूर्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किसानों को आर्थिक मदद देने के मकसद से किसान सम्मान निधि योजना लागू की थी। योजना में लघु और सीमांत किसान भी शामिल किए गए। जिले में करीब साढ़े चार लाख किसानों ने सम्मान निधि के लिए पंजीकरण कराया था।
विभाग ने भी चुनाव नजदीक होने के कारण एडी से चोटी तक जोर पंजीकरण के दौरान लगा दिया था। योजना के तहत हर चार महीने पर किसानों को दो हजार रुपये की आर्थिक मदद दी जाती है। कृषि विभाग के अनुसार जिले में पंजीकृत लगभग सभी किसानों के खाते में दो-दो हजार रुपये की धनराशि भेजी जानी है।
इनमें से 2.33 लाख किसानों के खाते में 40 करोड़ से ज्यादा की रकम भेजी जा चुकी है। शेष किसान सम्मान निधि की छठी किस्त से अब भी वंचित हैं। बताया जा रहा है कि खाते में धनराशि नहीं पहुंचने की एक वजह अभिलेखों में खामियां रहीं हैं। जैसे किसी का आवेदन में लिखा गया नाम आधार से मेल नहीं खा रहा है तो किसी का बैंक खाते से।
उप निदेशक कृषि अशोक कुमार ने बताया कि सम्मान निधि की छठी किस्त जारी हो गई है। करीब 2.50 लाख किसानों के खाते में रकम भेजी गई है। सत्यापन के बाद अवशेष किसानों के खाते में धनराशि भेज दी जाएगी।
