सुलतानपुर: उम्र पर आस्था पड़ी भारी, महाराष्ट्र से पैदल ही निकल पड़े अयोध्या, बोले- जीवन हो जाएगा सफल

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Edited By Amrit Vichar
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सुलतानपुर, अमृत विचार। कहते हैं अगर किसी चीज की जनून हो जाय तो व्यक्ति कुछ भी कर सकता। इसी बात को चरितार्थ कर रहे महाराष्ट्र के दो बुर्जुग। भगवान राम की उनके मन में ऐसी भक्ति जगी कि सुख सुविधा छोड़ घर से सैकड़ों किलोमीटर दूर अयोध्या पैदल ही निकल पड़े। फिलहाल वह लोग अयोध्या बार्डर के समीप पहुंच चुके हैं।

महाराष्ट्र के धुलिया जिले के सकरी तहसील के विटई गांव निवासी बुजुर्ग गुलाब गमन सावड़े 62 वर्ष, माधव पूंगाराम 60 वर्ष राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा की जानकारी मिलते ही खुशियों से भर गए। अपने गांव के साथ अन्य गांव में मिठाई खिला खुशी जाहिर की। इतने से उन दोनो को संतोष नहीं हुआ तो 15 दिसंबर को घर से पैदल ही अयोध्या के लिए निकल पड़े। पैदल यात्रा करते हुए दोनो बुजुर्ग महाराष्ट्र से मध्य प्रदेश उसके बाद उत्तर प्रदेश पहुंचे। सोमवर को दोनो बुजुर्ग अयोध्या बार्डर के समीप पहुंच चुके थे।

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दवा लेने के दौरान उक्त लोगों के बारे में जान पाएं स्थानीय

सोमवर को धोपाप स्नान के बाद दोनों बुजुर्ग बगिया चौराहा पीढ़ी सम्पर्क मार्ग से आ रहे थे। क्लीनिक देख दोनो बुजुर्ग दवा के लिए रुके। जिला पंचायत सदस्य डा सूरज ने दोनो बुजुर्ग को दवा दी। साथ ही उनके बारे जानकारी ली तो बात खुल कर सामने आई कि दोनो बुजुर्ग महाराष्ट्र से पैदल ही अयोध्या जा रहे हैं।

जिला पंचायत सदस्य डा सूरज ने दोनो बुजुर्गो को दवा दी साथ ही नाश्ते भोजन की बात कही जिसे बुजुर्गो ने इंकार कर दिया। धीरे धीरे बात फैल गई तो पीढ़ी चौराहे पर समाजसेवी सीटू पांडेय, अवधेश पांडेय, व्यापार मंडल अध्यक्ष ने शाल ओढ़ाकर सम्मानित करते हुए उनके मंगलमय यात्रा की कामना की। फोन पर सदर विधायक राज प्रसाद उपाध्याय ने दोनो बुजुर्गो का हाल चाल ले उनके मंगलमय यात्रा की कामना की। 

सुख सुविधा छोड़ पैदल ही शुरु की यात्रा

बताते चलें कि गुलाब गमन सावड़े 62वर्ष का बड़ा बेटा दिल्ली पुलिस में अच्छे पद पर है तो छोटा बेटा फौज में है जो सिक्किम में देश सेवा में लगा हुआ है। वही माधव पूंगाराम 60 वर्ष का अपना स्वयं का व्यापार है। सैकड़ा भर से ज्यादा लोग काम करते हैं। इनका एक पैर टूटा हुआ है जिसने राड पड़ी है। बुजुर्गो ने बताया कि पैसे से तो कोइ प्लेन, ट्रेन या बस से आ सकता है लेकिन पैदल कुछ ही लोग राम दर्शन के लिए आयेंगे।

इसलिए हम लोग पैदल ही अयोध्या जा रहे हैं। किसी का न तो कुछ खाते हैं न किसी के घर रुकते हैं। हमारे पास जो है उसी के सहारे अपनी रात काटते हैं जो बन पड़ता है खरीद खा लेते हैं। स्थानीय लोगो ने बताया कि अयोध्या में सुरक्षा कड़ी है, अन्दर नहीं जानें देगे। इस उन लोगों ने कहा कि अवध क्षेत्र की मिट्टी माथे लगा लेंगे जीवन धन्य हो जायगा। किसी किनारे पड़े रहेंगे कभी तो दर्शन मिल ही जाएगा।

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