भाकियू नेता हत्याकांड: फास्टट्रैक में चलेगा हत्या का मुकदमा, आरोपियों पर होगी कठोर कार्यवाही, अधिकारियों ने जल्द चार्जशीट लगाने के दिए निर्देश
उन्नाव में किसान नेता हत्याकांड में अधिकारियों ने जल्द चार्जशीट लगाने के निर्देश दिए।
उन्नाव अंतर्गत गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के चंपापुरवा निवासी भाकियू किसान नेता की हिस्ट्रीशीटर ने दिन दहाड़े निर्ममता के साथ हत्या कर दी थी। हत्या की रात ही पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया था।
उन्नाव, अमृत विचार। गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के चंपापुरवा निवासी भाकियू किसान नेता की हिस्ट्रीशीटर ने दिन दहाड़े निर्ममता के साथ हत्या कर दी थी। हत्या की रात ही पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया था। जिसके बाद हत्या की धाराएं बढ़ाई गई थी।
इधर पुलिस ने पश्चिमी चौकी के पुलिस कर्मियों का कार्य क्षेत्र बदलकर महज खानापूरी कर दी है। शासन स्तर से हत्या के इस मामले को संज्ञान लिया गया है। जिस कारण आरोपी के खिलाफ जल्द ही गैंगस्टर की कार्यवाही होगी। साथ ही फाल्ट ट्रैक में मुकदमा भी चलाया जायेगा।
22 जनवरी को अयोध्या में भगवान श्री राम की प्राण प्रतिष्ठा होनी है। जिसको लेकर विनोद कश्यप ने अपने छोटे भाई दुर्गाशंकर, साले कल्लू को भंडारे और श्रंगार के लिये क्षेत्र में चंदा एकत्र करने के लिये कहा था। मिश्रित आबादी में जय श्री राम के नारे लगाने पर हिस्ट्रीशीटर ने किसान नेता की हत्या कर दी थी।
मामला हाईप्रोफाइल और क्षेत्रीय लोगों के विरोध को देखते हुये क्षेत्र में पूरे जिले की पुलिस फोर्स के साथ ही चार सीओ को तैनात किया गया था। किसी तरह मृतक का अंतिम संस्कार कराया गया था। इधर लखनऊ के आलाधिकारी भी किसान नेता के हत्याकांड पर बराबर नजर बनाये हुये हैं। जिस पर अपराध निरीक्षक राम प्रकाश वर्मा से स्थानांतरित कर कोतवाली प्रभारी रामफल प्रजापति को विवेचना दी गयी।
मामले में गवाह, नक्शा नजरी का कार्य पूरा कर लिया गया है। इलेक्ट्रानिक साक्ष्य जुटाये जा रहे हैं। चार्जशीट लगाने के बाद आरोपितों पर गैंगस्टर की कार्यवाही की जानी है। वहीं आरोपियों को जल्द से जल्द सजा मिले इसके लिये मामले को फास्ट ट्रैक पर चलाया जायेगा। जिससे जल्द ही आरोपियों को सजा मिल सके।
खूफिया विभाग ने तैयार किया इनपुट
गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र में सालों से तैनात पुलिस कर्मियों की खूफिया विभाग ने इनपुट तैयार की है। इसकी रिपोर्ट लखनऊ के अधिकारियों को भेजी गई है। 22 जनवरी के बाद ऐसे पुलिस कर्मियों पर गाज गिर सकती हैं।
कार्यवाही के नाम पर महज बदला कार्यक्षेत्र
हत्या वाले दिन मृतक की पत्नी प्रीती पति की पिटाई होता देख पुलिस के पास पहुंचकर मौके पर चलने की बात कही थी लेकिन कोई भी मौके पर नहीं पहुंचा। जिस पर विनोद की हत्या हो गई। पुलिस की लापरवाही होने के बावजूद कार्यवाही के नाम पर महज उनका कार्यक्षेत्र बदलकर खानापूरी कर दी गई है।
पांचवें दिन भी तैनात रही पुलिस
विनोद की हत्या के बाद से आरोपी के घर के बाहर, घटना स्थल और मृतक के घर के बाहर पुलिस फोर्स तैनात रहा। जहां मृतक के घर आने जाने वाले लोगों से गुरुवार को पुलिस कर्मियों ने पूछताछ भी की।
