वर्ण-भेद ,वर्ग-भेद के कट्टर विरोधी थे सरदार पटेल: रमेश बैस

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

-समरसता की लहर लेकर आया बौद्धिक विचार मंच

लखनऊ अमृत विचार । सरदार पटेल बौद्धिक विचार मंच की ओर से रविवार को इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में सरदार पटेल और सामाजिक समरसता से जुड़े विभिन्न पक्षों पर राष्ट्रीय बुद्धिजीवी सम्मेलन का आयोजन किया गया।
सम्मेलन के मुख्य अतिथि महाराष्ट्र के राज्यपाल रमेश बैस ने कहा की यह मंच सन् 2018 से सामाजिक समरसता बनाने में सतत प्रत्यनशील है सरदार पटेल की विचारधारा को आधार बनाकर कार्य कर रहा है। मंच विभिन्न माध्यमों,कार्यक्रमों के माध्यम से समाज की समस्याओं को सरकार तक पहुंचाने का प्रयास निरंतर कर रहा है। उन्होंने कहा कि हमारे अखण्ड भारत के निर्माता लौहपुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल का मत था कि एकता के बिना जनशक्ति एक ताकत नहीं है। वे वर्ण-भेद एवं वर्ग-भेद के कट्टर विरोधी थे और अन्याय नहीं सहन कर पाते थे। आज भी उनके आदर्शों पर चलते हुए एकजुट होकर प्रयास करें तो सामाजिक, राजनीतिक, आर्थिक, सांस्कृतिक विकास शीघ्र संभव है।
बौद्धिक विचार मंच के महामंत्री जगदीश शरण गंगवार ने बताया कि पटेल समाज की आबादी 12 प्रतिशत से अधिक है। ये ध्यान में रखते हुए सम्मेलन में सभी प्रदेशों के प्रतिनिधि, मुख्य रूप से पूर्व प्रशासनिक अधिकारी, सेना के पूर्व अधिकारी, पूर्व और वर्तमान कुलपति, उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति, सांसद, विधान सभा व विधान परिषद सदस्य, महापौर, जिला पंचायत अध्यक्ष, सहकारी बैंको के अध्यक्ष, ब्लॉक प्रमुख, जिला पंचायत सदस्य, सभासद, उद्योगपति, अधिवक्ता, शिक्षाविद, वैज्ञानिक, समाज सेवी, समाज के विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और प्रोग्रेसिव किसानों समेत करीब हजारों की संख्या में लोगो ने अपनी मौजूदगी दर्ज कराई।आयोजित सम्मेलन अरुण कुमार सिन्हा आईएएस सेवानिवृत्त संस्थापक संरक्षक , डॉक्टर क्षेत्रपाल गंगवार अध्यक्ष, वी आर वर्मा,रविन्द्र सिंह गंगवार उपाध्यक्ष, उमेश कुमार सिंह महामंत्री,आर एल निरंजन कोषाध्यक्ष व
-बेटियों को शिक्षित करने पर दिया जोर
मंच संचालक योगेंद्र सचान ने भी अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि सर्व समाज के लोगों को बेटियों की पढ़ाई में रुचि लेनी होगी ।आज बेटियां सभी क्षेत्रों में अपना बढ़ चढ़कर योगदान दे रही है। संगठन के प्रचार मंत्री और मंच संचालक योगेंद्र सचान ने कहा कि सरदार पटेल बौद्धिक विचार मंच का मुख्य उद्देश्य समाज को अपने हितों के प्रति जागरुक करना,समाज की विभिन्न समस्याओं से सरकार को अवगत कराना, समाज के विभिन्न सामाजिक संगठनों को एक मंच पर इकठ्ठा करना, संख्या के आधार पर सामाजिक, राजनैतिक, आर्थिक एवं सांस्कृतिक भागीदारी हेतु प्रयास करना,समाज में अधिकाधिक उद्यमी बनाने हेतु लोगों को प्रोत्साहित करना, ग्रामीण अंचलों में पुस्तकालय, वाचनालय एवं इनसे जुड़ी गतिविधियों का संचालन कराना हैं।

संबंधित समाचार