Kanpur: गंगा मेला पर शहर के अस्पतालों में अलर्ट; डॉक्टरों की छुट्टियां की गईं रद्द, मरीजों को मिलेगा फौरन इलाज
हैलट, उर्सला, केपीएम व कांशीराम अस्पताल में रहेंगे डॉक्टर
कानपुर, अमृत विचार। कानपुर के ऐतिहासिक गंगा मेला के उपलक्ष्य पर अगर किसी की तबीयत खराब होती है या कोई सड़क हादसे का शिकार होता है तो उसे हैलट, उर्सला व कांशीराम संयुक्त अस्पताल में फौरन इलाज मिलेगा। क्योंकि गंगा मेला के तहत अस्पतालों में तैनात डॉक्टरों की छुट्टी रद कर दी गई है। डॉक्टरों के साथ ही पैरामेडिकल स्टाफ भी मौके पर रहेंगे। वहीं, जो स्टाफ व कर्मी ड्यूटी नहीं आएंगे, उनके खिलाफ स्वास्थ्य विभाग द्वारा विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
गंगा मेला कानपुर का ऐतिहासिक त्योहार है। होली के मुकाबले ही शहर में गंगा मेला के दिन अधिक रंग, अबीर व गुलाल खेला जाता है। ऐसे में बहुत से लोग केमिकल युक्त रंगों का प्रयोग करते है, जिस वजह से कई लोगों की आंखों व त्वचा में दिक्कत हो जाती है। वहीं, कई लोग सड़कों पर बेतरतीब ढ़ग से बाइक व कार चलाते हैं, जिससे वह और उनकी चपेट में आने वाले अन्य लोग हादसे का शिकार होकर घायल हो जाते है।
जबकि कई लोग एक-दूसरे पर पानी डालने के चक्कर में फिसलकर चुटहिल भी होते हैं। ऐसे में लोगों को सबसे पहले इलाज की अधिक जरूरत होती हैं, क्योंकि देरी होने पर लोगों की जान पर बन आती है। इस संबंध में जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह ने हैलट, उर्सला, डफरिन, केपीएम, कांशीराम संयुक्त अस्पताल व सीएमओ कार्यालय को पत्र जारी कर चिकित्सा व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए है। इस वजह से अस्पतालों में डॉक्टरों व पैरामेडिकल स्टाफ की छुट्टी रद कर दी गई है।
शनिवार को अस्पताल में खासतौर से सर्जरी, आर्थो, मेडिसिन, नेत्र रोग, बाल रोग विभाग व ईएनटी विभाग के डॉक्टर अपनी टीम के साथ अलर्ट मोड पर रहेंगे। ताकि अस्पताल आने वाले मरीजों को तुरंत इलाज मिल सके। वहीं, जो भी ड्यूटी से नदारत होगा, उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। सीएमओ डॉ.आलो रंजन ने बताया कि सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में अधीक्षकों को गंगा मेला के मौके पर अलर्ट रहने को कहा गया है। त्योहार के मौके पर किसी भी डॉक्टर व पैरामेडिकल स्टाफ की छुट्टी नहीं है।
हैलट इमरजेंसी में की गई व्यवस्था
प्रमुख अधीक्षक डॉ.आरके सिंह ने बताया कि इमरजेंसी में आर्थो व सर्जरी विभाग में तीन-तीन टीमें तैनात की गई है। एक टीम में छह डॉक्टर शामिल रहेंगे। इसी तरह नेत्र रोग, मेडिसिन विभाग और बाल रोग में डॉक्टरों की टीम इमरजेंसी में मुस्तैद रहेगी। इमरजेंसी में इलाज के बाद मरीजों को संबंधित वार्डों में रेफर किया जाएगा। शनिवार को ओपीडी भी लगेगी।
उर्सला में 40 बेड किए गए आरक्षित
उर्सला अस्पताल के प्रबंधक डॉ.फैसल नफीस ने बताया कि गंगा मेला पर इमरजेंसी में तीन टीमें मौजूद रहेंगी। एक टीम में चार से पांच डॉक्टर शमिल रहेंगे। होली में इमरजेंसी में आने वाले मरीजों के लिए अस्पताल में 40 बेड आरक्षित किए गए है। आर्थो, सर्जरी, स्किन व नेत्र रोग विशेषज्ञों व सर्जन ड्यूटी के लिए को पत्र जारी किया गया है। वहीं, कुछ डॉक्टर ऑनकॉल भी रहेंगे। ओपीडी भी होगी।
कांशीराम अस्पताल में भी की सुविधा
कांशीराम अस्पताल के सीएमएस डॉ.स्वदेश गुप्ता ने बताया कि कानपुर के ऐतिहासिक गंगा मेला व 31 मार्च तक की व्यवस्था अस्पताल में की गई है। अस्पताल में चर्म रोग, स्किन, नेत्र रोग, सर्जन, फिजिशियन समेत 15 डॉक्टर मौके पर रहेंगे। अस्पताल में 10 बेड आरक्षित किए गए है, जरूरत पड़ने पर बेड की संख्या में इजाफा किया जाएगा। ओपीडी भी होगी।
