Bareilly Gang War: कुछ देर के लिए काशीपुर में मिली राणा की लोकेशन, केपी यादव ने सीजेएम कोर्ट में दी सरेंडर की अर्जी

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

बरेली, अमृत विचार। फरार राजीव राणा ने मंगलवार को मोबाइल फोन स्विच ऑन किया तो उसकी लोकेशन उत्तराखंड के काशीपुर में मिली लेकिन कुछ ही देर बाद उसने दोबारा फोन बंद कर लिया। 

माना जा रहा है कि राणा उत्तराखंड में लगातार ठिकाना बदलने के साथ अपने आत्मसमर्पण के लिए सुरक्षित रास्ता बनाने की कोशिश कर रहा है। इस बीच उसके सहयोगी हिस्ट्रीशीटर केपी यादव की ओर से सीजेएम कोर्ट में आत्मसमर्पण की अर्जी दाखिल की गई है। इस पर कोर्ट ने इज्जतनगर पुलिस से रिपोर्ट मांगने के साथ सुनवाई के लिए 29 जून की तारीख तय की है।

राणा और उसके खास सहयोगियों की गिरफ्तारी के लिए एसओजी समेत पुलिस की पांच टीमें दबिश दे रही हैं। शनिवार सुबह पीलीभीत बाईपास पर गोलीबारी की घटना के बाद फरार हुए राणा की आखिरी लोकेशन खीरी के मैगलगंज में मिली थी। तब से उसने अपना मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर रखा था। मंगलवार को कुछ देर के लिए उसका मोबाइल फोन चालू हुआ तो पता चला कि वह उत्तराखंड के काशीपुर में है। पुलिस के मुताबिक काशीपुर में में भी राणा का एक होटल है, इसी होटल या आसपास पहुंचकर उसने किसी से बात की होगी। इसके बाद वहां से निकल गया होगा।

दरअसल, गोलीबारी प्रकरण में आरोपी राजीव राणा के भाई संजय राणा की भी सोमवार को इसी होटल में लोकेशन मिली थी। इसके बाद पुलिस ने वहां दबिश दी लेकिन संजय राणा वहां नहीं मिला। माना जा रहा है कि दोनों राणा भाई अपने होटल के बजाय कहीं और कुछ देर के लिए ठहरे होंगे। पुलिस अब राणा के संपर्क के लोगों को भी ट्रैक कर रही है। राजीव राणा के तमाम बदमाशों से संपर्क बताए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि राणा छोटे और बड़े बदमाशों को अपने होटलों में ही ठहराता है और वहीं उनके साथ आपराधिक गतिविधियों के लिए तैयारी करता रहा है।

शक: केपी भी राणा के साथ, आत्मसमर्पण के लिए खुलकर मदद नहीं कर पा रहे नेता
पुलिस को शक है कि मुख्य आरोपी राणा के साथ उसका भरोसेमंद सहयोगी और रिठौरा नगर पंचायत का हिस्ट्रीशीटर सभासद केपी यादव भी है। राणा गिरफ्तारी से बचने के लिए कोर्ट में सुरक्षित ढंग से आत्मसमर्पण करना चाहता है लेकिन इसके लिए उसके नजदीकी रहे नेता खुलकर उसकी मदद नहीं कर पा रहे हैं। कहा जा रहा है कि वह कई अधिवक्ताओं के संपर्क में है। इस बीच राणा के इशारे पर भाड़े के गुंडे लाने वाले हिस्ट्रीशीटर केपी गिरफ्तारी से बचने के लिए मंगलवार को अधिवक्ता के जरिए सीजेएम कोर्ट में आत्मसमर्पण अर्जी दाखिल कराई है। कोर्ट ने इज्जतनगर पुलिस से रिपोर्ट तलब कर सुनवाई के लिए 29 जून की तिथि नियत की है।

गुर्गों पर पुलिस हावी, तीन और गिरफ्तार
इस मामले में अब तक पुलिस को सिर्फ गुर्गों को गिरफ्तार करने में कामयाबी मिली है। मंगलवार को तीन आरोपियों को और इज्जतनगर पुलिस ने गिरफ्तार किया है। इनमें एक भुता के गांव म्यूडी खुर्द कलां का मनोज कटियार और बाकी दोनों प्रेमनगर के नमन गोस्वामी और हर्ष शर्मा हैं। पुलिस ने तीनों से एक-एक चाकू बरामद किया है। तीनों पर पहले से कई आपराधिक केस दर्ज हैं। उधर, मुख्य आरोपियों के गिरफ्त से दूर रहने को लेकर पुलिस पर सवाल उठने शुरू हो गए हैं। कहा जा रहा है कि पुलिस दोनों को आत्मसमर्पण करने का पूरा मौका दे रही है।

तीन और आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। जो आरोपी अभी फरार हैं, उनकी तलाश की जा रही है। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।- अनीता चौहान, सीओ थर्ड

ये भी पढे़ं- Bareilly Gang War: उल्टा पड़ा दांव...राणा के तीन होटलों पर चलेगा बुलडोजर, बेशुमार संपत्तियों का है मालिक

 

संबंधित समाचार