उझानी के निरीक्षक अपराध नरेश कुमार पर रिपोर्ट दर्ज, जानें मामला

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Edited By Amrit Vichar
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बदायूं, अमृत विचार : सीजेएम मोहम्मद तौसीफ रजा ने कोतवाली उझानी में तैनात निरीक्षक अपराध नरेश कुमार पर न्यायालय के आदेश की बार-बार अवहेलना करने पर पुलिस अधिनियम की धारा 29 के तहत केस दर्ज किया है। जिसकी सुनवाई 29 नवंबर को होगी। सम्मन की तामील कराने के लिए एसएसपी को भेजे गए है।

साइबर ठगों ने सिविल लाइन कोतवाली क्षेत्र की मधुवन कॉलोनी निवासी सुमित मिश्रा के दो खातों से एक लाख दस हजार रुपए की ठगी कर ली थी। सुमित मिश्रा ने साइबर अपराध थाने में शिकायत की थी। साइबर थाना पुलिस ने ठगे हुए रुपये पर होल्ड (फ्रीज) लगवा दिया। जब होल्ड रुपये वापस लेने के लिए वादी न्यायालय की शरण में आया तो सीजेएम मोहम्मद तौसीफ रजा ने 25 जुलाई 2024 को होल्ड फ्रीज की रिपोर्ट के आधार पर रुपए अवमुक्त करने का आदेश विवेचक को दिया लेकिन आदेश आदेश किए जाने के बाद भी रुपये वापस नहीं किए गए। 

तब वादी ने अपने अधिवक्ता मोहित पांडेय के माध्यम से न्यायालय में आदेश की अवहेलना किए जाने का प्रार्थना पत्र दिया। जिस पर न्यायालय ने रिपोर्ट पेश करने के साथ-साथ व्यक्तिगत उपस्थिति का आदेश पारित किया। जहां निरीक्षक अपराध नरेश कुमार एक बार न्यायालय में उपस्थित भी हुए लेकिन वादी के रुपए वापस नहीं किए। इसकी रिपोर्ट नहीं दी। इस संबंध मे न्यायालय बार-बार आदेश करके रिपोर्ट दाखिल करने के लिए आदेशित कर रहा था लेकिन अपराध निरीक्षक ने न्यायालय में रिपोर्ट नहीं भेजी।

तब न्यायालय ने पुलिस अधिनियम कि धारा 29 में केस दर्ज करते हुए कहा कि संपूर्ण कार्यवाही को देखने से यह स्पष्ट हो जाता है कि निरीक्षक अपराध नरेश कुमार जानबूझकर न्यायालय के आदेशों का अनुपालन नहीं कर रहे जबकि पूरे तथ्य उनके संज्ञान में थे। अपराध निरीक्षक नरेश कुमार के विरूद्ध धारा 29 पुलिस एक्ट का केस दर्ज किया जाए। केस के सम्मन एसएसपी के माध्यम से भेजे जाए।

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