बरेली मंडल में 2023 के मुकाबले 2024 में जन्मदर घटी, रिपोर्ट में खुलासा

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

राकेश शर्मा, बरेली। भारत सरकार के गृह मंत्रालय के जनगणना कार्य निदेशालय ने जन्म-मृत्युदर के पंजीकरण के संबंध में वार्षिक रिपोर्ट जारी की है। इसके अनुसार बरेली मंडल में 2023 की अपेक्षा पिछले साल जन्मदर में कमी आई है, जबकि मृत्युदर में 2023 की अपेक्षा पिछले साल बरेली-बदायूं में कमी आई, लेकिन शाहजहांपुर और पीलीभीत में बढ़ोतरी हुई है। मंडल में सबसे ज्यादा बदायूं में जन्मदर में कमी दर्शाई गई है। 

रिपोर्ट में जन्म-मृत्युदर पंजीकरण के आवेदनों के लंबित रहने का जिक्र भी किया है। जिलाधिकारियों को पंजीकरण व्यवस्था में सुधार लाने के सख्त निर्देश दिए गए है। निदेशक एवं संयुक्त महारजिस्ट्रार (सीआरएस) आईएएस शीतल वर्मा ने जन्म मृत्युदर पंजीकरण के संबंध में 2024 की वार्षिक रिपोर्ट जारी करते हुए जिलाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी है। 

इसमें कहा गया है कि उत्तर प्रदेश शासन की ओर से जन्म-मृत्यु दर पंजीकरण में व्यापक सुधार के लिए छह बार महत्वपूर्ण शासनादेश जारी हो चुके हैं। राज्य में वर्ष 2025 तक शत प्रतिशत जन्म-मृत्युदर का लक्ष्य प्राप्त करने के लिए जिलाधिकारी स्तर से कई बिंदुओं पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

कहा है कि जन्म, मृत्यु, मृत जन्म, मातृ मृत्यु, नवजात एवं शिशु मृत्यु को सीआरएस पोर्टल पर रिपोर्ट किया जाना है। प्रत्येक जनपद में एसीएमओ (ई) को इस कार्य के लिए नोडल अधिकारी के रूप में नामित किया है। जिलाधिकारियों से अपने जनपद में जन्म-मृत्यु पंजीकरण कार्य में प्रभावी सुधार एवं सतत निगरानी के लिए अपेक्षा अनुरूप कार्रवाई करवाएं।

जन्मदर के आंकड़े 
जन्मदर की रिपोर्ट के अनुसार बरेली में 2023 में 132299, जबकि 2024 में 130551 पंजीकरण हुए। बदायू में 2023 में 86642 तो 2024 में 76771 पंजीकरण हुए हैं। पीलीभीत में 2023 में 59254 तो 2024 में 58474 पंजीकरण हुए। जबकि, शाहजहांपुर में 2023 में 76175 तो 2024 में 73578 पंजीकरण हुए हैं। 

मृत्युदर के आंकड़े 
मृत्युदर की रिपोर्ट के अनुसार बरेली में 2023 में 33506 तो 2024 में 32584 पंजीकरण हुए। बदायू में 2023 में 18256 तो 2024 में 18113 पंजीकरण हुए। पीलीभीत में 2023 में 12003 तो 2024 में 12688 पंजीकरण हुए। जबकि शाहजहांपुर में 2023 में 19772 तो 2024 में 20191 पंजीकरण हुए हैं। 

यह भी पढ़ें- Bareilly: मौसम ने ली अंगड़ाई तो सेहत पर आफत आई ! बढ़ने लगे सांस के मरीज

संबंधित समाचार