अब नए लुक में दिखेगा ब्रिटिश कालीन गेस्ट हाउस
रामनगर, अमृत विचार: रामनगर वन प्रभाग के अंतर्गत पवलगढ़ क्षेत्र में स्थित 1896 में बना ब्रिटिश काल का ऐतिहासिक गेस्ट हाउस अब नए लुक में नजर आएगा। यह गेस्ट हाउस इतिहास का गवाह रहा है। यहां प्रसिद्ध शिकारी एडवर्ड जिम कॉर्बेट भी कई बार रुके थे। अब इसे फिर से संवारने की तैयारी हो रही है।
यह ऐतिहासिक गेस्ट हाउस ब्रिटिश शासनकाल में बनाया गया था, इसे अनेक ब्रिटिश और भारतीय अधिकारियों ने उपयोग किया। खासतौर पर 1930 में जब जिम कॉर्बेट ने पवलगढ़ क्षेत्र में आतंक मचाने वाले बाघ को मारा था। तब वे यहीं ठहरे थे। अब रामनगर वन प्रभाग इस विरासत को बचाने और संरक्षित करने के लिए इसे रेनोवेट करने जा रहा है। इस कार्य के लिए 30 लाख रुपये की मंजूरी मिल चुकी है।
रामनगर वन प्रभाग के डीएफओ दिगंत नायक ने बताया कि गेस्ट हाउस 1896 में बना था जो वर्तमान में काफी जीर्ण-शीर्ण स्थिति में है। हमारी कोशिश है कि ब्रिटिश काल की विरासत को संरक्षित रखते हुए इसे उसी पुराने ढांचे में मरम्मत कर नया रूप दिया जाए। उत्तराखंड ईको-टूरिज्म बोर्ड के तहत इसे डेवलप किया जा रहा है। जल्द यह ऐतिहासिक गेस्ट हाउस पर्यटकों के लिए खोल दिया जाएगा। उत्तराखंड ईको-टूरिज्म बोर्ड की वेबसाइट पर इसकी बुकिंग उपलब्ध कराई जाएगी। इस कदम से क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और लोग जिम कॉर्बेट की यादों से जुड़ सकेंगे।
