क्रूरता की हद पार : गर्भवती पत्नी को इतना पीटा कि सातवें माह में डिलीवरी...तीन दिन बाद नवजात की मौत
रामपुर/पटवाई, अमृत विचार। सात महीने की गर्भवती महिला की पिटाई के कारण समय से पहले ही डिलीवरी हो गई। सात महीने के बच्चे की तीन दिन के बाद अस्पताल में मौत हो गई। मायके वालों ने महिला के पति पर मारपीट करने का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। महिला का इलाज चल रहा है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पटवाई थाना क्षेत्र के गांव निस्बी निवासी एक युवती की शादी भोट थाना क्षेत्र के गांव रम्पुरा निवासी ट्रक चालक मोंटी से हुई थी। शादी के कुछ दिनों तक सबकुछ ठीक रहा। उसके बाद ससुराल वालों ने दहेज को लेकर महिला के साथ मारपीट कर दी थी। इस दौरान महिला गर्भवती हो गई, लेकिन उसके बाद भी ससुराल वाले आए दिन उसके साथ मारपीट करते थे। कुछ रोज पहले भी उसके साथ मारपीट की थी।
जिसके बाद महिला मायके आ गई थी। जहां तीन दिन पहले उसकी हालत बिगड़ पर उसको निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। उसने एक बच्चे को जन्म दिया था। जहां सोमवार को तीन दिन का बच्चे की मौत हो गई। जानकारी मिलने के बाद पुलिस आ गई। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। महिला का इलाज चल रहा है। मायके वालों का कहना है कि गुड्डी के साथ मारपीट करते थे। दहेज के लिए परेशान किया करते थे। आरोपियों के खिलाफ थाने में तहरीर दी जाएगी।
प्रेम प्रसंग के चलते हुआ था विवाह
युवती भोट में रिश्तेदारी होने के कारण वह अक्सर वहां पर आया जाया करती थी। इस बीच मोंटी से उसकी जान पहचान हो गई थी। जहां धीरे धीरे करके दोनों करीब आते चले गए। उसके बाद दोनों के बीच प्रेम हो गया था। दो जून 2025 को दोनों ने लव मैरिज कर ली थी। उसके बाद महिला के गर्भवती होने की जानकारी मिलने के बाद सभी के होश उड़ गए थे। दहेज के लिए भी परेशान किया करते थे। मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस हर पहलू पर गंभीरता से जांच कर रही है।
शादी को तीन महीने, गर्भवती थी सात महीने की
नवविवाहिता की शादी तीन महीने 11 दिन पहले दो जून 2025 को हुई थी, जबकि वो सात महीने की गर्भवती थी। ऐसे में पति ने ही पत्नी के गर्भवती होने पर सवाल उठाते हुए आरोप लगा दिए कि ये बच्चा उसका नहीं है। जबकि दोनों के बीच शादी से पहले ही मिलना-जुलना था। ऐसे में दोनों के बीच दरार आ गई। मामले में पटवाई थाना प्रभारी पुष्कर सिंह ने बताया कि सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है, बच्चे के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पीड़ित पक्ष डीएनए टेस्ट की मांग करता है तो टेस्ट कराया जाएगा। मामले में अभी तहरीर भी नहीं आई है, तहरीर आने पर कार्रवाई की जाएगी।
