धावापुर गांव में डेंगू के चार मरीज मिले... ग्रामीणों का दावा, डेंगू से पीड़ित वृद्धा की हुई मौत
लखनऊ, अमृत विचार : सरोजनी नगर सीएचसी क्षेत्र के धावापुर गांव में चार मरीजों की डेंगू रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इससे ग्रामीणों में दहशत है। इससे पहले बुखार से पीड़ित एक वृद्धा की मौत हो चुकी है। ग्रामीण ने मौत डेंगू से होने की आशंका जताई थी। जिसके बाद शनिवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में शिविर लगाकर बुखार से पीड़ित मरीजों का इलाज किया था। साथ ही टीम ने 77 मरीजों की डेंगू, मलेरिया की जांच कराई थी। सभी मरीजों की रिपोर्ट नेगेटिव होने का दावा किया गया था।
कानपुर रोड के धावापुर गांव के राजेंद्र सिंह की पत्नी रानी (60) की मृत्यु हो गई। उन्हें कई दिनों से बुखार आ रहा था। परिजनों ने बताया था कि उनकी एंटीजन जांच में डेंगू की पुष्टि हुई थी। एलाइजा जांच में रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। इससे पहले मरीज अंजलि की भी मौत बुखार से हुई थी। गांव के 15 से अधिक लोग बुखार से पीड़ित थे। रविवार को चार की रिपोर्ट डेंगू पाजिटिव आई है। ग्रामीणों के मुताबिक डेंगू की पुष्टि गांव के इंद्र बहादुर (45) ,श्याम बहादुर (48 ), पवन सिंह (47) और रामदयाल 50 में हुई। इंद्र बहादुर के मुताबिक रिपोर्ट की जानकारी उन सभी को सुबह फोन पर दी गई।
बताया गया कि उन्हें डेंगू है और पूछा गया कि अगर वह सरकारी अस्पताल में इलाज कराना चाहते हैं तो एंबुलेंस भेजी जाए। हालांकि इंद्र बहादुर ने यह कहकर मना कर दिया कि वह अपना इलाज निजी अस्पताल में कराएंगे। इससे पहले चिकित्सकों की एक टीम गांव भी पहुंची थी। हालांकि टीम यहां इंद्र बहादुर के घर ही दवाओं के दो डिब्बे दिए और यह कहकर लौट गई कि जिन लोगों को बुखार आदि की समस्या हो उसे दे दे।
सरोजनीनगर सीएचसी प्रभारी चंदन यादव ने बताया डॉक्टर पीयूष अवस्थी के नेतृत्व में जांच टीम गांव गई थी। कोई भी बुखार का नया मरीज नहीं मिला है। साथ ही क्षेत्र के पैथोलॉजी को नोटिस दी गई है डेंगू से कोई भी पीड़ित मरीज मिलता है। उसकी सूचना तुरंत सीएचसी को दी जाए। सीएचसी प्रभारी ने डेंगू मरीज मिलने की जानकारी से इनकार किया है। कहा कि मरीजों की रिपोर्ट देखकर ही इसकी पुष्टि की जाएगी।
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