शहर के तीन बड़े अस्पतालों में अल्ट्रासाउंड ठप... रेडियोलॉजिस्ट न होने से मशीने बनीं शोपीस
लखनऊ, अमृत विचार : शहर के तीन बड़े संयुक्त अस्पतालों में रेडियोलॉजिस्ट न होने के चलते अल्ट्रासाउंड जांच ठप हो गई है। जांच के लिए मरीजों को दूसरे सरकारी अस्पताल भेजा जा रहा है। जहां पहले से ही मरीजों का दबाव है। गंभीर मरीज निजी केंद्रों से जांच कराने को मजबूर हैं। अस्पताल प्रभारियों का कहना है कि रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती के लिए शासन को पत्र लिखा गया है।
50 बेड संयुक्त चिकित्सालय चंदरनगर, आलमबाग में करीब एक साल से रेडियोलॉजिस्ट नहीं है। यहां तैनात रेडियोलॉजिस्ट असाध्य बीमारी से ग्रसित होने के कारण अनिश्चितकालीन छुट्टी पर गया है। अस्पताल के सीएमएस डॉ. आनंद त्रिपाठी का कहना है कि कुछ महीनों से सीएचसी की एक महिला डॉक्टर जरिये गर्भवतियों के अल्ट्रासाउंड किये जा रहे थे, लेकिन अब वे भी मातृत्व अवकाश पर चली गईं हैं। इससे अल्ट्रासाउंड ठप हो गया है। मरीजों को लोकबंधु और रानी लक्ष्मीबाई महिला चिकित्सालय भेजा जा रहा है।
उधर, ठाकुरगंज संयुक्त चिकित्सालय में भी रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती न होने के कारण करीब सात साल से मशीन शोपीस बनी हुई है। महानगर के भाऊराव देवरस संयुक्त चिकित्सालय में पुनर्नियुक्ति पर डॉक्टर की तैनाती थी। जिसकी बीते दिनों सेवा समाप्त हो गई है। इसके बाद विकल्प के तौर पर दूसरे विशेषज्ञ की तैनाती न होने के कारण यहां भी अल्ट्रासाउंड जांच ठप हो गई है।अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मनीष शुक्ला ने बताया कि पत्राचार कर रेडियोलॉजिस्ट की मांग की है।
