Nainital: साल दर साल बढ़ा जा रहा सैलानियों में नैनीताल का ग्लैमर
नैनीताल, अमृत विचार। पिछले साल नैनीताल भ्रमण पर आने वाले सैलानियों की आमद में 300498 वृद्धि दर्ज की गई है। गत वर्ष 1300637 सैलानी पहुंचे जबकि 2024 में यह संख्या 1000139 थी। दैवीय आपदाओं के बावजूद सैलानियों की आमद में वृद्धि यहां के उज्वल पर्यटन का संकेत है। दरअसल, नैनीताल ब्रिटिशकाल से ही सैलानियों के भ्रमण का पसंदीदा हिल स्टेशन रहा है, जो आज भी अपनी लोकप्रियता बरकरार रखे हुए है।

हालांकि गत वर्ष पर्यटन के लिहाज से उथल पुथलभरा रहा। मानसून में राज्य के कई हिस्सों में आपदाओं का खामियाजा नैनीताल पर्यटन को भुगतना पड़ा, जबकि नाबालिक के साथ दुराचार की घटना से भी पर्यटन प्रभावित हुआ। इसके बावजूद सैलानियों की आमद में वृद्धि रही है। सर्वाधिक सैलानी दिल्ली एनसीआर से पहुंचे।
इसके बाद लखनऊ कानपुर, बनारस, बरेली और मुरादाबाद के सैलानियों सर्वाधिक रही। बंगाली पर्यटकों का पहुंचना भी पूरे वर्ष लगा रहा तो गुजराती भी बड़ी संख्या में यहां पहुंचे। पर्यटन के लिहाज से बेहतर यह देखने को मिला कि दक्षिण भारतीय सैलानी भी पहुंचने लगे है।
इनके अलावा महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश के सैलानी भी पहुंचे है। 2925 में मार्च और अप्रैल में सीजन काफी उछाल में रहा तो जून में सर्वाधिक सैलानी पहुंचे। आटम सीजन में सैलानियों की संख्या सामान्य रही, जबकि दिसंबर का दूसरा पखवाड़ा सैलानियों की आमद को खासा बड़ा गया और पर्यटन कारोबारियों की बांछे खिला गया।
पार्किंग और टोल टैक्स को लेकर ऐतिहासिक रहा 2025
नैनीताल: 2025 में नगर भ्रमण पर आने वाले सैलानियों को टोल टैक्स और पार्किंग का खासा शुल्क देना पड़ा। जिससे नगर के पर्यटन प्रभावित हुआ और सैलानियों को अच्छा संदेश नहीं दे पाया। पूर्व में टोल टैक्स सुबह के समय 60 व शाम को 120 रुपया वसूला जाता था, जो 300 रुपया कर दिया गया, जबकि पार्किंग शुल्क 100 की जगह 500 वसूली जा रही है।
पर्यटन विभाग के पिछले 5 वर्ष में भ्रमण पर आने वाले सैलानियों के आंकड़े। कोविड लॉक डाउन के कारण 2021 व 22 में सैलानियों की आमद कम रही। इसके बाद पर्यटकों की आमद में बड़ा उछाल आता चला गया।
2021 - 326 259
2022 - 529676
2023 - 784497
2024 - 1000139
2025 - 1300637
