यूपी में सुरक्षा, जांच और आतंकवाद-रोधी इकाइयों को 600 करोड़, आधुनिक पुलिसिंग से लेकर कानून-व्यवस्था सुधार पर सरकार का फोकस

Amrit Vichar Network
Published By Muskan Dixit
On

सुरक्षा, एसटीएफ, एटीएस, जांच, विशेष अनुसंधान व शोध इकाइयों को मिला बड़ा बजट

लखनऊ, अमृत विचार: प्रदेश सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए पुलिस विभाग को मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। गृह विभाग ने करीब 600 करोड़ रुपये की धनराशि पुलिस महानिदेशक को दी है। यह निवेश सीधे तौर पर आम जनता की सुरक्षा और भरोसे को मजबूत करेगा।

यह बजट पुलिस की विभिन्न इकाइयों जैसे स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ), आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस), सुरक्षा शाखा, विशेष अनुसंधान दल और इंडिया रिजर्व वाहिनी के संचालन, वेतन और तकनीकी सुदृढ़ीकरण पर खर्च होगा। शासनादेशों के अनुसार, सबसे अधिक धनराशि सुरक्षा शाखा को करीब 181 करोड़ रुपये, जबकि एसटीएफ को 124 करोड़ रुपये और इंडिया रिजर्व वाहिनी के गठन के लिए 110 करोड़ रुपये दिए गए हैं। इसके अलावा एटीएस को लगभग 88 करोड़, स्पेशल पुलिस ऑपरेशन टीम को 69 करोड़ और विशेष अनुसंधान व शोध इकाइयों को भी अलग-अलग मदों में बजट आवंटित किया गया है ।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह धनराशि सीधे खर्च के लिए नहीं होगी, बल्कि वित्तीय नियमों और स्वीकृतियों के तहत ही उपयोग की जा सकेगी। साथ ही, व्यय में पारदर्शिता, मितव्ययिता और किसी भी प्रकार की अनियमितता से बचाव के लिए सख्त निर्देश भी जारी किए गए हैं।

सुरक्षा और जांच पर फोकस

इन आवंटनों से साफ है कि सरकार का फोकस कानून-व्यवस्था को और मजबूत करने पर है। विशेष रूप से एसटीएफ, एटीएस और अनुसंधान इकाइयों का बजट बढ़ाकर संगठित अपराध, आतंकवाद और जटिल मामलों की जांच को तेज और प्रभावी बनाने की रणनीति अपनाई गई है।

आधुनिक पुलिसिंग की ओर कदम

शोध एवं सांख्यिकी इकाई, फिंगरप्रिंट ब्यूरो और स्पेशल ऑपरेशन टीम को मिले बजट से पुलिसिंग में तकनीक और वैज्ञानिक तरीकों का इस्तेमाल बढ़ेगा। इससे न केवल अपराधों की जांच की गुणवत्ता सुधरेगी, बल्कि आम जनता को भी बेहतर और तेज सुरक्षा सेवाएं मिल सकेंगी।

धन आवंटन चार्ट

इकाई / विभाग       स्वीकृत धनराशि
इंडिया रिजर्व वाहिनी  ₹1,10,38,63,000
स्पेशल पुलिस ऑपरेशन टीम ₹69,57,17,000
सुरक्षा शाखा ₹1,81,57,55,000
स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ₹1,24,10,17,000
आतंकवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) ₹88,84,43,000
विशेष अनुसंधान दल ₹17,42,41,000
शोध एवं सांख्यिकी इकाई (फिंगरप्रिंट ब्यूरो) ₹7,85,68,000
कुल अनुमानित आवंटन ₹5,99,75,04,000 (लगभग 600 करोड़ रुपये)

                      

संबंधित समाचार