कानपुर : गरीब परिवार की बेटियों के हाथ पीले करेगी योगी सरकार, तैयारी शुरू
कानपुर। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों के विवाह में सहायता के उद्देश्य से संचालित मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत कानपुर नगर में बड़े स्तर पर सामूहिक विवाह समारोह की तैयारी शुरू हो गई है। इस सिलसिले में शुक्रवार को जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में योजना की तैयारियों, आवेदन प्रक्रिया, सत्यापन एवं आयोजन व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सामूहिक विवाह समारोह को गरिमापूर्ण, सुव्यवस्थित और भव्य तरीके से आयोजित किया जाए तथा पात्र परिवारों को समय से योजना का लाभ उपलब्ध कराया जाए। बैठक में बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए जनपद को 1534 विवाहों का लक्ष्य प्राप्त हुआ है। इसके सापेक्ष अब तक 542 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं, जिनमें 509 आवेदन ग्रामीण क्षेत्रों तथा 33 आवेदन शहरी क्षेत्रों से मिले हैं।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को आवेदन पत्रों का सत्यापन समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। योजना के तहत प्रति जोड़ा एक लाख रुपये व्यय निर्धारित किया गया है। इसमें 60 हजार रुपये डीबीटी के माध्यम से सीधे कन्या के बैंक खाते में भेजे जाएंगे। इसके अतिरिक्त 25 हजार रुपये मूल्य की वैवाहिक उपहार सामग्री प्रदान की जाएगी, जबकि भोजन, पंडाल, फर्नीचर, पेयजल, विद्युत एवं प्रकाश व्यवस्था जैसी व्यवस्थाओं पर 15 हजार रुपये प्रति जोड़ा खर्च किए जाएंगे।
योजना के अंतर्गत नवविवाहित जोड़ों को गृहस्थी के लिए आवश्यक सामग्री भी उपलब्ध कराई जाएगी। इसमें साड़ी, वस्त्र, चांदी की पायल और बिछिया, डिनर सेट, कुकर, कढ़ाही, ट्रॉली बैग, वैनिटी किट, सीलिंग फैन, आयरन प्रेस, कूल केज, कंबल, गद्दा, तकिया एवं बेडशीट सहित अन्य सामग्री शामिल होगी। योजना का लाभ उन्हीं परिवारों को मिलेगा जिनकी वार्षिक आय तीन लाख रुपये से अधिक नहीं है।
कन्या के अभिभावक उत्तर प्रदेश के मूल निवासी तथा वर भारत का मूल निवासी होना अनिवार्य है। विवाह की तिथि पर कन्या की न्यूनतम आयु 18 वर्ष तथा वर की न्यूनतम आयु 21 वर्ष निर्धारित की गई है। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना जरूरतमंद परिवारों के लिए बड़ी सहायता साबित हो रही है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पात्र परिवारों को योजना का लाभ दिलाने में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए तथा सभी आवेदन समयबद्ध तरीके से सत्यापित किए जाएं। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अभिनव जैन, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट एवं एसडीएम सदर अनुभव सिंह, सभी खंड विकास अधिकारी एवं नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े रहे, जबकि समाज कल्याण अधिकारी बीरपाल बैठक में उपस्थित रहे।
