कबाड़ के ढेर में सरकारी दवाइयां, प्रयागराज के CHC पर लगे लापरवाही के आरोप, जानिए क्या है पूरा मामला
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश में प्रयागराज जिले के जसरा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल व्यवस्था एक बार फिर सामने आई है। सीएचसी परिसर के बाहर बड़ी मात्रा में सरकारी दवाइयां, जांच किट और चिकित्सा सामग्री कबाड़ के ढेर में मिलने से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। घटना ने स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
अस्पताल पर लापरवाही का आरोप
स्थानीय लोगों ने रविवार को अस्पताल की बाउंड्री के बाहर फेंकी गई दवाइयों और मेडिकल किटों को देखा। कुछ दवाइयों के पैकेट पूरी तरह सुरक्षित पाए गए, जिससे आशंका जताई जा रही है कि उपयोग योग्य सामग्री को भी लापरवाहीपूर्वक फेंका गया है।
घटना की जानकारी फैलते ही क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई। स्थानीय नागरिकों ने आरोप लगाया कि अस्पताल में आने वाले मरीजों को अक्सर सरकारी दवाएं उपलब्ध नहीं कराई जातीं और उन्हें बाहर मेडिकल स्टोर से दवाएं खरीदने की सलाह दी जाती है।
गरीब और जरूरतमंद मरीजों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ
वहीं जांच की सुविधा होने के बावजूद मरीजों को निजी पैथोलॉजी सेंटरों पर भेजा जाता है, जिससे गरीब और जरूरतमंद मरीजों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि शासन द्वारा अस्पतालों में मुफ्त इलाज और जांच के लिए पर्याप्त मात्रा में दवाएं और जांच किट भेजी जाती हैं, लेकिन इनका लाभ मरीजों तक नहीं पहुंच पाता।
आरोप है कि अस्पताल में उपलब्ध संसाधनों का सही उपयोग नहीं किया जा रहा तथा निजी संस्थानों को फायदा पहुंचाने के लिए मरीजों को बाहर भेजा जाता है। लोगों ने इसे कमीशनखोरी और भ्रष्टाचार से जुड़ा मामला बताया है।
निजी दुकानों और लैबों के चक्कर
क्षेत्रीय नागरिकों ने सवाल उठाया कि यदि अस्पताल में दवाइयां और जांच सामग्री उपलब्ध हैं तो मरीजों को निजी दुकानों और लैबों के चक्कर क्यों लगाने पड़ते हैं। उनका कहना है कि सरकारी संसाधनों की इस तरह बर्बादी स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही और जवाबदेही की कमी को दर्शाती है।
मामले के सामने आने के बाद क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग के प्रति लोगों में भारी नाराजगी देखी जा रही है। वहीं मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) ने मामले का संज्ञान लेते हुए जांच के आदेश दे दिए हैं।
