मनोनाधाम अपहरण कांड: मानव तस्करों की संपत्ति कुर्क होगी...बैंक खाता व संपत्ति की जांच के आदेश
मनोना धाम के सफाई कर्मचारी के बेटे का किया था अपहरण, नर्स समेत अब तक 6 गिरफ्तार
बरेली, अमृत विचार। मनोना धाम से बच्चे की चोरी और मानव तस्करी से जुड़े मामले में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। अब मामले में गिरफ्तार अपराधियों की संपत्ति और बैंक खातों की जांच भी कराई जा रही है।एसएसपी अनुराग आर्या ने आरोपियों की आर्थिक गतिविधियों की पड़ताल के निर्देश दिए हैं, ताकि पता लगाया जा सके कि मानव तस्करी के नेटवर्क से कितनी अवैध कमाई की गई और उसमें किन-किन लोगों की भूमिका रही। आरोपियों पर गैंगस्टर व संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की तैयारी है।
इन धाराओं को बढ़ाया गया
अफसरों के मुताबिक, पुलिस जांच में सामने आया है कि मनोना धाम क्षेत्र से चोरी किए गए बच्चे को मानव तस्करी के जरिए बेचने की साजिश रची गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मुकदमे में अतिरिक्त धाराएं भी बढ़ा दी हैं। अधिकारियों का मानना है कि यह केवल बच्चे की चोरी का मामला नहीं, बल्कि संगठित मानव तस्करी गिरोह से जुड़ा अपराध है।
नर्स समेत अब तक छह गिरफ्तार
अब तक की जांच में पुलिस छह आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। जिसमें एक नर्स सीता भी शामिल है। जिस पर गिरोह की मदद करने का आरोप है। सीता के घर के देखते हुए यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि उसने कहीं गलत तरीके से ही रुपये कमाए है। जिससे उसने घर मकान को बनाया है। पुलिस अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी जांच कर रही है और उनसे जुड़े साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।
मानव तस्करी से खूब की काली कमाई
एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि पुलिस आरोपियों के बैंक खातों, लेन-देन और संपत्तियों का विवरण खंगाल रही है। यदि जांच में अवैध कमाई या मानव तस्करी से अर्जित संपत्ति के साक्ष्य मिलते हैं तो संबंधित संपत्तियों को कुर्क करने की कार्रवाई भी की जाएगी। एसएसपी अनुराग आर्या स्वयं इस मामले की निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने जांच टीम को हर पहलू की गहन पड़ताल और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ भी कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जाएगा।
एसएसपी बोले, कार्रवाई से नहीं बचेंगे बच्चों के खरीददार
एसएसपी ने बताया कि मानव तस्करी करने वाले इन छह लोगों को रिमांड में लेकर पूछताछ की जाएगी। उनसे पता किया जाएगा की उन्होंने दो बच्चों को कहां कहां किसको बेचा है। उसके बाद बच्चों को खरीदने वालों को भी पुलिस हिरासत में लेकर पूछताछ करेगी। उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
