मोदी सरकार के 12 साल : कांग्रेस ने भाजपा पर बोला जोरदार हमला, केंद्र की उपलब्धियों और नीतियों पर उठाए सवाल
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं प्रवक्ता अंशू अवस्थी ने गुरुवार को जारी बयान में कहा कि भाजपा झूठे उत्सव और प्रचार करने में माहिर है, लेकिन जनता के सामने केंद्र और प्रदेश की डबल इंजन सरकार की वास्तविकता उजागर हो चुकी है।
लखनऊ। केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के अवसर पर भारतीय जनता पार्टी द्वारा पांच से 21 जून तक जनभागीदारी कार्यक्रम आयोजित किए जाने की घोषणा के बीच कांग्रेस ने सरकार की उपलब्धियों और नीतियों पर सवाल उठाए हैं।
भाजपा झूठे उत्सव और प्रचार करने में माहिर
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं प्रवक्ता अंशू अवस्थी ने गुरुवार को जारी बयान में कहा कि भाजपा झूठे उत्सव और प्रचार करने में माहिर है, लेकिन जनता के सामने केंद्र और प्रदेश की डबल इंजन सरकार की वास्तविकता उजागर हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 12 वर्षों में देश को बेरोजगारी, महंगाई, पेपर लीक, अधूरे वादों और किसानों के साथ कथित धोखे के अलावा कुछ नहीं मिला।
उद्योगपतियों को मिला मोदी सरकार की नीतियों का लाभ
अवस्थी ने कहा कि मोदी सरकार की नीतियों का लाभ मुख्य रूप से बड़े उद्योगपतियों को मिला, जबकि आम नागरिक की आय में अपेक्षित वृद्धि नहीं हुई। उन्होंने दावा किया कि आर्थिक मोर्चे पर आम आदमी लगातार दबाव में है और महंगाई ने परिवारों का बजट बिगाड़ दिया है। कांग्रेस प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर केंद्र सरकार की नीतियों का असर भी देश की अर्थव्यवस्था पर पड़ा है।
विदेश नीति पर खड़ा किया सवाल
उन्होंने कहा कि पश्चिम एशिया में जारी तनाव और ईरान-इजरायल-अमेरिका से जुड़े घटनाक्रमों के बीच सरकार की विदेश नीति के कारण तेल और गैस की कीमतों का बोझ आम जनता पर पड़ा है, जिससे महंगाई और बढ़ी है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार अपनी उपलब्धियों का प्रचार करने में व्यस्त है, जबकि जनता रोजगार, शिक्षा, महंगाई और किसानों की समस्याओं से जूझ रही है।
उन्होंने दावा किया कि देश की जनता अब सरकार के दावों और जमीनी हकीकत के बीच अंतर को समझ चुकी है। उल्लेखनीय है कि भाजपा केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में देशभर के साथ उत्तर प्रदेश में भी 5 से 21 जून तक विभिन्न जनसंपर्क एवं जनभागीदारी कार्यक्रम आयोजित करने जा रही है। कांग्रेस ने इन कार्यक्रमों को जनहित के बजाय राजनीतिक प्रचार का माध्यम बताया है।
