लखीमपुर खीरी में छह ग्राम संगठनों की वित्तीय जांच शुरू, बैंक रिकॉर्ड तलब, करोड़ों रुपये की हेराफेरी का आरोप
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत संचालित ग्राम संगठनों में करोड़ों रुपये की हेराफेरी और वित्तीय गड़बड़ी की जांच ने रफ्तार पकड़ ली है।
लखीमपुर खीरी, अमृत विचार। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत संचालित ग्राम संगठनों में करोड़ों रुपये की हेराफेरी और वित्तीय गड़बड़ी की जांच ने रफ्तार पकड़ ली है। खंड विकास कार्यालय निघासन के सहायक विकास अधिकारी (आईएसबी) ने इंडियन बैंक बेलरायां शाखा से छह ग्राम संगठनों के बैंक खातों का विस्तृत विवरण तलब किया है। उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत गठित ग्राम संगठनों के खातों की जांच की जा रही है।
इसके तहत संबंधित संगठनों के बैंक खातों का 1 जनवरी 2023 से 29 मई 2026 तक का संपूर्ण बैंक स्टेटमेंट उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। जांच के दायरे में खुशी प्रेरणा ग्राम संगठन बेलरायां, दीपक प्रेरणा ग्राम संगठन भेड़ौरी, प्रकाश प्रेरणा ग्राम संगठन उमरा, आकाश प्रेरणा ग्राम संगठन चितिहा, भारत प्रेरणा ग्राम संगठन हरद्वाही समेत छह ग्राम संगठन शामिल हैं। बैंक स्टेटमेंट प्राप्त होने के बाद खातों में हुए लेनदेन, धनराशि के उपयोग और वित्तीय प्रक्रियाओं का विस्तृत परीक्षण आडिट टीम करेगी। इससे यह पता चल सकेगा कि मिशन के तहत प्राप्त धनराशि और योजनाओं का संचालन निर्धारित मानकों के अनुरूप हुआ है या नहीं।
लालापुर के ज्ञान ग्राम संगठन में भी लाखों का खेल
लखीमपुर खीरी। बेलरायां क्लस्टर के ग्राम संगठन लालापुर के साथ ही सिंगहा खुर्द के गायत्री और साधना ग्राम संगठनों में हेराफेरी कर लाखों रुपये हड़पने का आरोप लगा है। समूह की महिलाओं ने पांच से दस प्रतिशत ब्याज पर रुपये देने, समूह से एक प्रतिशत पर दिए गए ऋण पर दो से तीन प्रतिशत ब्याज वसूलने का भी आरोप लगाया है। महिलाओं ने इन संगठनों के खातों की भी उच्चस्तरीय जांच कराए जाने की मांग की है।
सीएलएफ प्रबंधक व लेखाकार को दूसरी नोटिस जारी
निघासन। अमृत विचार: बीडीओ जयेश कुमार सिंह ने बताया कि बेलरायां सीएलएफ की प्रबंधक कुमारी शिक्षा शुक्ला और लेखाकार ऊषा देवी को पहली जून को कारण बताओ नोटिस जारी की गई थी और तीन जून तक स्पष्टीकरण मांगा गया था, लेकिन दोनों ने अभी तक कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया है। इसे गंभीरता से लेकर अब दोनों को दूसरी नोटिस जारी की गई है। संतोषजनक जवाब न होने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
