Uttrakhand News: मौलाना की हत्या का आरोपी पंकज गिरफ्तार, मगर पत्नी तब्बसुम को कहानी हजम नहीं
GRP ने किया तौसीफ मर्डर केस का खुलासा, घटना के वक्त नशे में था पंकज, मोबाइल चोरी के शक में दिया था धक्का
उर्स ए ताजुश्शरिया से लौटते में ट्रेन में बिहार के मौलाना तौसीफ की हत्या में मुरादाबाद के नशेबाजी युवक की गिरफ्तारी और खुलासे की कहानी से परिवार संतुष्ट नजर नहीं आ रहा। रेलवे पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। जीआरपी का दावा है कि घटना के वक्त आरोपी पंकज राजपूत शराब के नशे में था। मोबाइल चोरी के शक में उसने मौलाना तौसीफ को चलती ट्रेन से धक्का दे दिया था, जिससे तौसीफ की मौत हो गई थी।
बरेली, अमृत विचार। उर्स ए ताजुश्शरिया से लौटते में ट्रेन में बिहार के मौलाना तौसीफ की हत्या में मुरादाबाद के नशेबाजी युवक की गिरफ्तारी और खुलासे की कहानी से परिवार संतुष्ट नजर नहीं आ रहा। रेलवे पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। जीआरपी का दावा है कि घटना के वक्त आरोपी पंकज राजपूत शराब के नशे में था। मोबाइल चोरी के शक में उसने मौलाना तौसीफ को चलती ट्रेन से धक्का दे दिया था, जिससे तौसीफ की मौत हो गई थी।
26 अप्रैल को हुई थी घटना
जीआरपी के अनुसार, किशनगंज, बिहार निवासी मौलाना तौसीफ रजा उर्स में शामिल होकर 26 अप्रैल को बरेली जंक्शन से योगनगरी स्पेशल ट्रेन से अपने घर बिहार जा रहे थे। उनका शव कैंट क्षेत्र में रेलवे लाइन के किनारे पड़ा मिला था। कैंट थाना पुलिस ने इसे हादसा माना था, लेकिन कुछ दिनों बाद मौलाना की पत्नी तब्बसुम ने पति की हत्या का आरोप लगाया था। इस मामले में बिहार में प्रदर्शन भी हुआ था। तब्बसुम ने एक आडियो भी सौंपी थी, जिसमें पति का किसी से झगड़ा हुआ था।
दो कोचों के यात्रियों से पूछताछ
जीआरपी ने मामले में गैर इरादन हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की थी। जीआरपी ने सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के साथ ही ट्रेन के कोच एस 10, नौ और आठ में सवार यात्रियों से पूछताछ की। जिसमें पता चला कि मौलाना का किसी से झगड़ा हुआ था। लंबी पूछताछ और सर्विलांस की मदद से मुरादाबाद के पंकज का नाम सामने आया। जीआरपी ने रविवार को उसे मुरादाबाद से दबोच लिया। आरोपी ने हत्या की बात स्वीकार की। खुलासे पर टीम को एसपी आशुतोष शुक्ला की ओर से 10 हजार का घोषित इनाम मिलेगा।
यात्रियों ने पकड़ा मगर हिरासत से भाग निकला था पंकज
जीआरपी थाना प्राभारी एसके वर्मा का दावा है कि आरोपी प्रदीप राजपूत की बहन का मुरादाबाद में रिश्ता तय हुआ था। वह ससुराल पक्ष के किसी रिश्तेदार की शादी बरेली में थी। जिसमें शामिल होने वह आ रहा था। उसने बहुत शराब पी रखी थी। आना तो आला हजरत एक्सप्रेस से था, लेकिन ट्रेन छूट गई थी। उसने दोबारा शराब पी और योगनगरी स्पेशल ट्रेन में सवार हुआ। नशा ज्यादा होने से फर्श पर लेट गया गया था, जिससे बरेली में उतर नहीं पाया।
चकमा देकर भाग गया था पंकज
मौलाना ट्रेन में चढ़े और आगे बढ़ते हुए अगले कोच में जाने लगे तो उसे लगा कि उसका मोबाइल मौलाना ने चोरी कर लिया। इसे लेकर विवाद हुआ। मारपीट कर उसने नशे में ट्रेन से मौलाना को धक्का दे दिया। कार्रवाई से बचने को अपना मोबाइल व पर्स नीचे फेंक दिया, लेकिन उसे यात्रियों ने पकड़ लिया और पिटाई की। आरोपी को शाहजहांपुर स्टेशन पर जीआरपी को सौंपना चाहा। सादा वर्दी में दो पुलिसकर्मी मिले तो उन्होंने जीआरपी थाने में जाकर सुपुर्दगी के लिए कहा। इस दौरान ट्रेन चल दी तो वह चकमा देकर भाग गया।
वारदात के बाद दुकानों के बाहर गुजारी रात
रात में वह दुकानों के बाहर सो गया और दूसरे दिन अपने घर चला गया। उसके भाई ने जब उसके नंबर पर फोन लगाया तो वह किसी रेलवे कर्मचारी को मिला था और उसे वापस ले आया था। थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी तक पहुंचने को 200 से यात्रियों से पूछताछ की गई। यात्रियों ने बताया कि ट्रेन में एक मौलाना के साथ मारपीट हुई थी। एक शख्स मौलाना को पीट रहा था और वह ट्रेन से गिर गए थे। आरोपी की जेब से 11 सौ रुपए का एक लिफाफा भी मिला, जो उसे अपनी बहन के ससुराल पक्ष की शादी में देना था।
तबस्सुम बोली, वो अकेला मेरे शौहर की हत्या नहीं कर सकता
मौलाना की हत्या पर सियासत गरमाती दिखी थी। एआईएमआईएम प्रमुख औवैसी ने मॉब लिंचिंग का आरोप लगाकर कार्रवाई की मांग की थी। हत्यारोपी की गिरफ्तारी का पता होने पर मारे गए मौलाना तौसीफ की पत्नी तबस्सुम भी बिहार से बरेली रेलवे स्टेशन पहुंचीं। यहां जीआरपी थाने में उन्होंने इंस्पेक्टर से मुलाकात की। दरगाह आला हजरत से जुड़े प्रतिनिधि भी पहुंचे। इस दौरान तबस्सुम ने कहा कि उनकी कच्ची गृहस्थी उजड़ गई है। शादी को महज एक साल हुआ था और पति को ट्रेन में मार दिया गया। तबस्सुम ने खुलासे पर सवाल उठाते हुए कहा कि हत्या में एक नहीं, कई लोग शामिल हो सकते हैं। एक आदमी मेरे शौहर की हत्या नहीं कर सकता।
नहीं मिली सरकारी मदद
उन्होंने कहा कि मुझे अभी तक किसी भी तरह की आर्थिक सहायता नहीं मिली है। सरकारी नौकरी की मांग की। बताया कि आला हजरत दरगाह के प्रतिनिधिओं ने 5 लाख रुपए की सहायता जरूर की है। सीओ जीआरपी अनिल वर्मा ने बताया कि मौलाना को शराब के नशे में ट्रेन से धक्का देने के आरपी पंकज राजपूत को जीआरपी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने पूछताछ में मोबाइल चोरी की शक में मारपीट करने और धक्का देने की बात को स्वीकार किया है। मामले में गैर इरादतन हत्या को अब हत्या की धारा में तरमीन किया जाएगा।
