बरेली: उपखंड अधिकारी को बचाने में लगे उच्चाधिकारी
अमृत विचार, बरेली। उपखंड अधिकारी की लापरवाही पर बिजली विभाग के उच्चाधिकारी भी पर्दा डालने में लगे हैं। अभी तक एसडीओ के खिलाफ किसी भी तरह की कोई जांच शुरू नहीं कराई गई है। हालांकि, खबर प्रकाशित होने के बाद राजेन्द्र नगर उपकेन्द्र में हड़कंप मचा हुआ है। वहीं, इस मामले में चीफ इंजीनियर का …
अमृत विचार, बरेली। उपखंड अधिकारी की लापरवाही पर बिजली विभाग के उच्चाधिकारी भी पर्दा डालने में लगे हैं। अभी तक एसडीओ के खिलाफ किसी भी तरह की कोई जांच शुरू नहीं कराई गई है। हालांकि, खबर प्रकाशित होने के बाद राजेन्द्र नगर उपकेन्द्र में हड़कंप मचा हुआ है। वहीं, इस मामले में चीफ इंजीनियर का कहना है कि वह अभी छुट्टी पर चल रहे हैं। उन्हें इस मामले में कोई जानकारी नहीं है। सोमवार को ऑफिस आकर ही इस बारे में बता सकते हैं।
विद्युत नगरीय वितरण खंड तृतीय राजेंद्र नगर एमए खान ने नियमों को दरकिनार कर निजी ठेकेदार की मदद से एक स्कूल के कनेक्शन (जो कि चार किलोवाट का था, उपभोक्ता अंकित सिंह बग्गा, कनेक्शन खाता संख्या 9525748951) को 40 किलोवाट कर दिया गया जबकि 250 केवीए का ट्रांसफार्मर ओवरलोड था।
वहीं, पहले भी यह ट्रांसफार्मर ओवरलोड होने की वजह से दो बार जल चुका था जिसकी दो बार मरम्मत भी कराई गई थी। यह जानकारी मीडिया में आने के बाद से विभागीय अधिकारियों में हड़कंप मचा हुआ है।
उपखंड अधिकारी कार्यालय के भी कर्मचारी भी कार्रवाई होने की बात कर रहे हैं जबकि खबर प्रकाशित होने के बाद मध्यांचल विद्युत वितरण निगम, निदेशक कामर्शियल ब्रह्मपाल ने जांच के बाद कार्रवाई करने की बात कही थी मगर जब चीफ इंजीनियर तारिक मतीन से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उन्हें इस तरह के किसी भी मामले की जानकारी नहीं है। दो दिन से छुट्टी होने से वह बाहर हैं। आफिस में आकर ही बता सकता हूं कि इस मामले में क्या चल रहा है।
