कुन्हा का डबल धमाका, विनीसियस का गोल: ब्राजील ने हैती को 3-0 से रौंदा, विश्व कप से बाहर होने वाली पहली टीम बनी हैती
फिलाडेल्फिया: पांच बार की चैंपियन ब्राजील ने विश्व कप फुटबॉल टूर्नामेंट में अपनी लय वापस पा ली है। शुक्रवार रात खेले गए एकतरफा मुकाबले में ब्राजील ने हैती को 3-0 से करारी शिकस्त देकर अगले दौर (नॉकआउट) के लिए अपना दावा बेहद मजबूत कर लिया है। इस हार के साथ ही, 1974 के बाद पहली बार विश्व कप खेल रही हैती की टीम मौजूदा टूर्नामेंट से बाहर होने वाली दुनिया की पहली टीम बन गई है।
मैथियस कुन्हा ने साबित किया अपना दम
मैनचेस्टर यूनाइटेड के स्टार फॉरवर्ड मैथियस कुन्हा को इस मैच में शुरुआती लाइनअप (Starting 11) में मौका मिला और उन्होंने इसे पूरी तरह भुनाया। मोरक्को के खिलाफ 1-1 से ड्रॉ रहे पहले मैच में ब्राजील के कोच कार्लो एंसेलोटी ने कुन्हा को बेंच पर बिठाकर सबको चौंका दिया था, लेकिन इस बार कुन्हा ने दो शानदार गोल दागकर कोच को अपनी गलती का अहसास करा दिया।
- पहला गोल (23वां मिनट): फिलाडेल्फिया के लिंकन फाइनेंशियल फील्ड में मौजूद 68,324 दर्शकों के सामने कुन्हा ने अपने करियर का पहला विश्व कप गोल दागा।
- दूसरा गोल (36वां मिनट): कुन्हा ने बाएं पैर से एक बेहद शक्तिशाली शॉट मारकर टीम की बढ़त को 2-0 कर दिया।
- तीसरा गोल (इंजरी टाइम): पहले हाफ के अंतिम क्षणों (Injury Time) में विनीसियस जूनियर ने बेहतरीन खेल दिखाते हुए तीसरा गोल दागा। इस गोल में भी कुन्हा ने मदद (Assist) की थी।
प्रशंसकों के बीच दिखा गजब का उत्साह
मैच के दौरान मैदान पर ब्राजीलियाई समर्थकों का दबदबा रहा। हालांकि शुरुआती मिनटों में फॉरवर्ड राफिन्हा के एक गोल को ऑफसाइड घोषित कर दिया गया और बाद में वह चोटिल होकर बाहर हो गए, लेकिन इससे प्रशंसकों का जोश कम नहीं हुआ।
हैती के प्रशंसकों ने भी अपनी टीम का हौसला बढ़ाने के लिए पारंपरिक युद्धघोष 'ग्रेनेडिये अलासो' (ग्रेनेडियर्स आक्रमण पर) गाकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इसके जवाब में पीले रंग की जर्सी पहने ब्राजील के फैंस ने फुटबॉल के जादुई किंग पेले की याद में नारा लगाया "हजार गोल... सिर्फ पेले ने किए हैं।"
