होर्मुज स्ट्रेट में ओमान के नए समुद्री रूट पर भड़का ईरान, IRGC की चेतावनी- 'हमारी तय सीमा से बाहर गए तो खतरा'

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Published By Muskan Dixit
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ईरानः अमेरिका और ईरान के बीच हालिया शांति समझौते के बाद भले ही होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही दोबारा शुरू हो गई हो, लेकिन इस रणनीतिक जलमार्ग पर तनाव पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। युद्ध से पहले की स्थिति बहाल न होने के संकेत पहले ही ईरान दे चुका था। अब ओमान की ओर से समुद्री जहाजों के लिए नया रूट सक्रिय किए जाने पर तेहरान ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है।

ओमान के नए रूट पर ईरान की सख्त आपत्ति

ओमान ने अमेरिका के सहयोग से अपने तटीय क्षेत्र के जरिए तेल टैंकरों और अन्य जहाजों की सुरक्षित आवाजाही के लिए नया समुद्री मार्ग तैयार किया है। इस कदम के बाद ईरान ने गुरुवार (25 जून) को होर्मुज की दिशा से आने वाले एक जहाज को चेतावनी देते हुए कहा कि वह उसकी मिसाइलों की रेंज में है। इस घटनाक्रम के बाद क्षेत्र में फिर से तनाव बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।

IRGC ने जारी की आधिकारिक चेतावनी

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की नौसेना ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट 'सेपाह न्यूज' पर जारी बयान में स्पष्ट कहा कि होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाज केवल उन्हीं समुद्री मार्गों का इस्तेमाल करें, जिन्हें ईरानी अधिकारियों ने निर्धारित किया है।

बयान में यह भी कहा गया कि तय रूट के अलावा किसी अन्य रास्ते से जहाजों की आवाजाही की अनुमति नहीं है और ऐसा करना जोखिम भरा हो सकता है।

ओमान ने IMO के साथ समझौते के तहत जारी किए दिशा-निर्देश

यह चेतावनी ऐसे समय आई है, जब ओमान के मैरीटाइम सिक्योरिटी सेंटर ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री संगठन (IMO) के साथ हुए समझौते के तहत होर्मुज स्ट्रेट से बाहर जाने वाले जहाजों के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

इससे पहले 18 जून को अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध विराम को लेकर हुए समझौते के तहत ईरान ने 60 दिनों तक बिना किसी शुल्क के वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने की बात कही थी।

संयुक्त कार्य समूह बनाने पर बनी सहमति

मंगलवार को ईरान और ओमान ने एक संयुक्त बयान जारी कर बताया कि दोनों देश होर्मुज स्ट्रेट में भविष्य की समुद्री आवाजाही के प्रबंधन को लेकर एक संयुक्त कार्य समूह (Joint Working Group) का गठन करेंगे।

दोनों देशों ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री कानूनों के अनुरूप जहाजों की सुरक्षित और निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने की अपनी प्रतिबद्धता भी दोहराई।

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