हल्द्वानी: देश के बड़े नेताओं को जनता से झूठ नहीं बोलना चाहिए- डॉ. इंदिरा
अमृत विचार, हल्द्वानी। कांग्रेस की नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश ने किसान आंदोलन पर केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि देश के बड़े नेताओं को जनता से झूठ नहीं बोलना चाहिए। पीएम नरेंद्र मोदी ने सत्ता में आने से पहले किसानों की फसल मूल्य को दोगुना करने का वादा किया था जबकि …
अमृत विचार, हल्द्वानी। कांग्रेस की नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश ने किसान आंदोलन पर केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि देश के बड़े नेताओं को जनता से झूठ नहीं बोलना चाहिए। पीएम नरेंद्र मोदी ने सत्ता में आने से पहले किसानों की फसल मूल्य को दोगुना करने का वादा किया था जबकि आज किसान न्यूनतम समर्थन मूल्य के लिए लड़ रहा है। इसी तरह हर साल दो करोड़ नौकरी देने का वादा किया था जबकि अब तक मोदी सरकार का पांच साल का एक टर्म पूरा हो गया है तो क्या 10 करोड़ को नौकरी मिली। नहीं उल्टा, करोड़ों लोग लॉकडाउन की वजह से रोजगार से हाथ धोना पड़ा।
कांग्रेस की स्थापना दिवस पर हुए कार्यक्रम में पत्रकारों से हुई वार्ता में कहा कि कांग्रेस कभी हवाई दावे नहीं करती है। कांग्रेस की रीत है कि जो काम हो सकता है वो ही काम कहा भी जाता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अब 136 साल की हो गई है, अब नई पीढ़ी को तैयार करने की जरूरत है इसलिए हर कांग्रेस कार्यकर्ता को 10 लोगों को जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं ताकि कांग्रेस की जनहित नीतियां को जन-जन तक पहुंचाए। विधान सभाओं में भी सर्वे कराया जा रहा है ताकि सही उम्मीदवार को टिकट मिले। इन सबका असर आगामी विस चुनाव में भी देखने को मिलेगा।
नेता प्रतिपक्ष ने भाजपा की त्रिवेंद्र रावत सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा के बस की बात नहीं है कि वे आईएसबीटी के लिए नई जमीन ढूंढ सके और गौलापार अंतर्राष्ट्रीय चिड़ियाघर के लिए बजट दे सके। दरअसल, भाजपा देखती है कि स्थानीय जनता ने वोट दिया है या नहीं। धर्म या संप्रदाय देखा जाता है फिर विकास किया जाता है लेकिन कांग्रेस में ऐसा नहीं है। कांग्रेस बिना भेदभाव के विकास करती है।
सत्ता में आएंगे तो किसानों पर दर्ज मुकदमे होंगे वापस: डॉ. इंदिरा
तराई में आंदोलन कर रहे किसानों पर मुकदमे दर्ज होने पर नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश ने कहा कि पुलिस ने किसानों के साथ-साथ राजनैतिक लोगों पर भी मुकदमे दर्ज किए हैं। अब इन मुकदमों से कोई नहीं डरता है। सड़क जाम कर प्रदर्शन करने के मुकदमे हैं, हमने प्रदेश सरकार से कहा है कि किसानों पर दर्ज मुकदमे वापस लो नहीं तो हमारी सरकार आएगी तो ये मुकदमे वापस ले लिए जाएंगे।
