Lucknow News: एक फैसले ने बढ़ाई सैकड़ों परिवारों की चिंता! नगर निगम के इस स्कूल में फीस 250 से सीधे 700 रुपये, अभिभावक परेशान
लखनऊ नगर निगम की कार्यकारिणी बैठक में चिल्ड्रेन्स पैलेस नर्सरी स्कूल की मासिक फीस 250 रुपये से बढ़ाकर 700 रुपये करने का प्रस्ताव मंजूर हुआ। आदेश का इंतजार जारी है, लेकिन करीब 540 परिवारों की चिंता बढ़ गई है।
लखनऊ, अमृत विचार। नगर निगम द्वारा संचालित महात्मा गांधी मार्ग स्थित म्युनिसिपल चिल्ड्रेन्स पैलेस नर्सरी स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों के अभिभावकों के लिए राहत की जगह चिंता बढ़ाने वाली खबर सामने आई है। नगर निगम की कार्यकारिणी बैठक में स्कूल की मासिक फीस 250 रुपये से बढ़ाकर 700 रुपये करने का प्रस्ताव मंजूर कर दिया गया है। इस फैसले से स्कूल में अध्ययनरत करीब 540 परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ने की आशंका है।
नगर निगम की बैठक में लिया गया फैसला
जानकारी के अनुसार, सोमवार को शिवरी प्लांट में आयोजित नगर निगम कार्यकारिणी की बैठक में फीस बढ़ोतरी का प्रस्ताव पारित किया गया। प्रस्ताव के अनुसार चिल्ड्रेन्स पैलेस नर्सरी स्कूल की फीस पहले की तुलना में दोगुने से भी अधिक कर दी गई है।
हालांकि, स्कूल प्रशासन का कहना है कि उन्हें अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक आदेश प्राप्त नहीं हुआ है। वहीं, अपर नगर आयुक्त अरुण कुमार गुप्त के मुताबिक कार्यकारिणी से प्रस्ताव पारित होने के साथ ही नई फीस लागू मानी जाएगी।
गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों पर बढ़ेगा असर
चिल्ड्रेन्स पैलेस नर्सरी स्कूल में बड़ी संख्या में ऐसे परिवार अपने बच्चों को शिक्षा दिलाते हैं, जो कम फीस होने के कारण इस विद्यालय को चुनते हैं। फीस बढ़ने के बाद कई अभिभावकों के सामने अतिरिक्त आर्थिक बोझ की स्थिति बन सकती है।
नगर निगम के छह शिक्षण संस्थानों में पढ़ते हैं 3300 विद्यार्थी
लखनऊ नगर निगम वर्तमान में कुल छह शिक्षण संस्थान संचालित करता है। इनमें—
- चिल्ड्रेन्स पैलेस नर्सरी स्कूल, महात्मा गांधी मार्ग
- डिग्री कॉलेज, चिनहट
- अमीनाबाद इंटर कॉलेज
- म्युनिसिपल गर्ल्स इंटर कॉलेज, कश्मीरी मोहल्ला
- मॉडल मॉन्टेसरी स्कूल, मॉडल हाउस
- मॉडल मॉन्टेसरी स्कूल, कश्मीरी मोहल्ला
शामिल हैं। इन संस्थानों में कुल करीब 3300 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं।
आठवीं तक अन्य स्कूलों में लगेगी 100 रुपये मासिक फीस
चिल्ड्रेन्स पैलेस नर्सरी स्कूल के अलावा नगर निगम के अन्य स्कूलों में आठवीं कक्षा तक 100 रुपये प्रतिमाह फीस लेने का निर्णय भी कार्यकारिणी ने लिया है।
अब तक आठवीं तक नगर निगम के स्कूलों में शिक्षा निःशुल्क थी। आठवीं से ऊपर की कक्षाओं में पहले से ही फीस ली जाती रही है, जो सरकारी स्कूलों और कॉलेजों के समान है।
आदेश का इंतजार, अभिभावकों की नजर अगले कदम पर
फीस वृद्धि का प्रस्ताव पारित हो चुका है, लेकिन स्कूल प्रशासन अभी आधिकारिक आदेश मिलने का इंतजार कर रहा है। वहीं अभिभावकों की नजर इस बात पर टिकी है कि नई व्यवस्था कब और किस प्रकार लागू की जाएगी।
