Weather : 3 अगस्त तक भारत के कई राज्यों में भारी बारिश का अनुमान, गरज चमक के साथ तेज हवा-बिजली गिरने का अलर्ट
मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों तक उत्तर-पश्चिम भारत के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। लोगों को सतर्क रहने और मौसम संबंधी सलाह का पालन करने की अपील की गई है।
उत्तर-पश्चिम भारत में 3 अगस्त तक भारी बारिश का अनुमान है। मौसम विभाग ने कई राज्यों के लिए अलर्ट जारी करते हुए लोगों से सतर्क रहने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है।
पंचकूला। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में तीन अगस्त तक व्यापक बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है। विभाग ने कई क्षेत्रों में अतिवृष्टि, गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है। यह स्थिति अगस्त के पहले सप्ताह तक रह सकती है।
आईएमडी के बुधवार सुबह जारी बुलेटिन के अनुसार, उत्तर आंतरिक ओडिशा और दक्षिण झारखंड-छत्तीसगढ़ से लगे क्षेत्रों में बना गहरा दबाव पश्चिम की ओर बढ़ रहा है। अगले 24 घंटे में इसके उत्तर आंतरिक ओडिशा और उत्तर छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ने की संभावना है, जिससे उत्तर भारत के कई राज्यों में मानसून सक्रिय रहेगा। दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पंजाब में 29 से 31 जुलाई और दो से तीन अगस्त को व्यापक बारिश होने का अनुमान है।
1 अगस्त को बारिश में कुछ कमी आ सकती है। विभाग ने 30 जुलाई से तीन अगस्त के बीच कई स्थानों पर भारी बारिश और 29 जुलाई को कुछ क्षेत्रों में बहुत भारी बारिश होने की चेतावनी दी है। हिमाचल प्रदेश में 29 जुलाई से तीन अगस्त तक व्यापक बारिश का अनुमान है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन, अचानक बाढ़ और जलभराव की आशंका को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
उत्तराखंड में 29 जुलाई से तीन अगस्त तक व्यापक बारिश का पूर्वानुमान है। विभाग ने पहाड़ी इलाकों में अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी है। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद में 29 जुलाई से तीन अगस्त तक व्यापक बारिश और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं का अनुमान है, जो 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं। यहां 29 जुलाई और 31 जुलाई से तीन अगस्त के बीच भारी बारिश, जबकि 30 जुलाई को अतिवृष्टि का अनुमान जताया है।
मौसम विभाग ने निचले और पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विभाग ने कहा है कि तेज बारिश के कारण स्थानीय जलभराव, यातायात में बाधा, अचानक बाढ़ और भूस्खलन जैसी स्थितियां उत्पन्न हो सकती हैं। प्रशासन को संवेदनशील क्षेत्रों पर निगरानी रखने और आवश्यक एहतियाती कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं।
