लखनऊ : एलडीए पहुंची विजिलेंस, सौंपी टाॅप 50 शिकायतकर्ताओं की सूची

Amrit Vichar Network
Edited By Virendra Pandey
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 रिश्वत प्रकरण में शनिवार को गिरफ्तार अवर अभियंता व पंप आपरेटर की जांच की

लखनऊ, अमृत विचार : लखनऊ विकास प्राधिकरण में सोमवार को सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) की जांच से हड़कंप मच गया। टीम ने गिरफ्तार प्रवर्तन जोन-5 के अवर अभियंता दिनेश कुमार वर्मा और पंप ऑपरेटर चंद्र प्रकाश की आईजीआरएस संबंधित पत्रावलियां और सीसीटीवी फुटेज मांगे हैं।

इसके अलावा, उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने विजिलेंस को शहर भर में निर्माण कार्यों को अवैध बताकर आईजीआरएस पर शिकायत करने वाले टाॅप 50 पेशेवर शिकायतकर्ताओं की सूची सौंपी।

उपाध्यक्ष ने बताया कि शनिवार को विजिलेंस ने आईजीआरएस पर अवैध निर्माण की शिकायत में दोनों को रिश्वत लेने के आरोप में रंगे हाथ गिरफ्तार किया था। सोमवार को पहुंची टीम ने प्रकरण से सम्बंधित आईजीआरएस की पत्रावली और घटना के दिन सुबह 11 से दोपहर 1 बजे के बीच की सीसीटीवी फुटेज मांगी है।

सहयोग करने के लिए सचिव विवेक श्रीवास्तव की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित की है। जो कमेटी 24 घंटे के अंदर विजिलेंस को हर वह सूचना एवं दस्तावेज उपलब्ध कराएगी, जिसकी जांच में आवश्यकता हो।

वहीं, दिनभर कार्यालय में दहशत का माहौल रहा। चर्चा रही कि विजिलेंस जांच में और अभियंता, कर्मचारी व बिचौलियों के नाम सामने आएंगे। जिनके द्वारा अवैध निर्माण की शिकायत के नाम पर वसूली का खेल चलता आ रहा है।

पेशेवर शिकायतकर्ताओं के नाम-मोबाइल नंबर दिए
उपाध्यक्ष ने बताया निर्माण कार्यों को अवैध बताकर आईजीआरएस समेत अन्य माध्यमों से लगातार शिकायत करने वाले टाॅप 50 पेशेवर शिकायतकर्ताओं के नाम एवं मोबाइल नंबर की सूची जांच के लिए विजिलेंस को सौंपी है। इसके अलावा प्रवर्तन अनुभाग में तैनात समस्त अधिकारियों, अभियंताओं एवं कर्मचारियों के लिए एडवाइजरी जारी की है। आईजीआरएस समेत अन्य माध्यमों से प्राप्त होने वाली अवैध निर्माण की शिकायतों पर सघन परीक्षण के बाद ही कार्रवाई के निर्देश दिये हैं।

एक माह की सीसीटीवी फुटेज से पहचाने जाएंगे बिचौलिये
प्राधिकरण भवन के विभिन्न पटल पर लगे कैमरों से घटना वाले दिन के अलावा बीते एक महीने की सीसीटीवी फुटेज विजिलेंस को अलग से उपलब्ध करायी जाएगी। इससे प्रवर्तन में तैनात अभियंताओं एवं कर्मचारियों के पास बैठने व भटकने वाले बिचौलियों एवं अराजक तत्वों को विजिलेंस चिह्नित कर कार्रवाई करेगी। जिनकी मिलीभगत से लोगों का शोषण करके वसूली का खेल चल रहा है।

भ्रष्टाचार में संलिप्त लोग बख्शे नहीं जाएंगे

लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार ने कहा है कि भ्रष्टाचार एवं अनर्गल गतिविधियों में संलिप्तता पाये जाने पर किसी भी अधिकारी/कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। रिश्वत प्रकरण में गिरफ्तार पम्प ऑपरेटर को निलम्बित कर चुके हैं। अवर अभियंता के खिलाफ निलंबन की संस्तुति के लिए शासन को पत्र भेजा था।

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