बरेली: जीएसटी ही नहीं टीसीएस भी भरेंगे बड़े कारोबारी
अमृत विचार, बरेली। कोरोना काल में परेशान कारोबारियों की एक अप्रैल से टैक्स नियमों में हो रही बदलाव की वजह से दिक्कत का सामना करना पड़ सकता है। नई व्यवस्था में सालाना 10 करोड़ से ज्यादा टर्नओवर वाले को जीएसटी के साथ ही टीसीएस (टैक्स कलेक्टेड एट सोर्स) भी देना होगा। नई व्यवस्था के लागू …
अमृत विचार, बरेली। कोरोना काल में परेशान कारोबारियों की एक अप्रैल से टैक्स नियमों में हो रही बदलाव की वजह से दिक्कत का सामना करना पड़ सकता है। नई व्यवस्था में सालाना 10 करोड़ से ज्यादा टर्नओवर वाले को जीएसटी के साथ ही टीसीएस (टैक्स कलेक्टेड एट सोर्स) भी देना होगा। नई व्यवस्था के लागू होने से कारोबारियों की चिंता और बढ़ गई है।
कर विशेषज्ञ बताते हैं ऐसे करदाता जो किसी एक खरीदार को वर्ष में 50 लाख से ज्यादा का माल बेचते हैं, तो इसके ऊपर की बिक्री का बिल में ही टीसीएस जमा करना होगा। खरीदार के पास यदि पैन कार्ड हो तो टीसीएस की दर 31 मार्च 2021 तक .75 फीसदी होगी। एक अप्रैल 2021 से 0.1 प्रतिशत एवं अन्यथा पांच प्रतिशत टीसीएस देना होगा।
इतना ही नहीं व्यापारी ही टीसीएस जमा कराएगा और फिर रिटर्न भी भरेगा। इसके अलावा जैसे ही ग्राहक से भुगतान मिलेगा वैसे ही व्यापारी उसे जमा करेगा। जिले में 10 करोड़ से ज्यादा का कारोबार करने वाले व्यापारियों की संख्या ठीक-ठाक बताई जाती है। हालांकि इस प्रक्रिया से बड़े कोरोबारियों को थोड़ी परेशानी तो होगी लेकिन कहीं न कहीं फायदा भी होगा।
वहीं, अगर कारोबारी किसी बैंक से लोन लेता है तो फार्म 16 में उनकी खरीद और बिक्री का सारा विवरण उनके पास रहेगा। इससे भविष्य में उनके समक्ष लोन संबंधी दिक्कत नहीं होगी। दस करोड़ से ज्यादा का कारोबारी करने वाले व्यापारियों को हर तीन महीने में टीसीएस रिर्टन फाइल करना होगा। ऐसा नहीं करने पर प्रतिदिन 200 रुपये के हिसाब से जुर्माने का प्रावधान है।
