बरेली: संक्रमण बढ़ते ही मेडिकल उपकरण के बढ़ा दिए दाम
बरेली, अमृत विचार। कोरोना संक्रमण बढ़ा तो बाजार में मेडिकल उपकरणों के दाम भी बढ़ गए। एक-एक उपकरण पर 400 से 500 रुपये या इससे अधिक भी बढ़ोत्तरी हो चुकी है। यह बढ़ोत्तरी थोक विक्रेताओं ने की है। जबकि, यही उपकरण बाजार में आते-आते लगभग दोगुने कीमत में मिल रहे हैं। किल्लत के कारण मजबूरी …
बरेली, अमृत विचार। कोरोना संक्रमण बढ़ा तो बाजार में मेडिकल उपकरणों के दाम भी बढ़ गए। एक-एक उपकरण पर 400 से 500 रुपये या इससे अधिक भी बढ़ोत्तरी हो चुकी है। यह बढ़ोत्तरी थोक विक्रेताओं ने की है। जबकि, यही उपकरण बाजार में आते-आते लगभग दोगुने कीमत में मिल रहे हैं। किल्लत के कारण मजबूरी में लोगों को अधिक दामों पर इन्हें खरीदना पड़ रहा है।
थोक व्यापारियों का कहना है कि उन्हें उत्पादक कंपनी से ही महंगे दामों पर उपकरण मिल रहे हैं। दवा के थोक व्यापारियों की मानें तो वह मेडिकल उपकरण का अधिकांश माल दिल्ली से खरीदते हैं लेकिन दिल्ली में लॉकडाउन की वजह से सप्लाई नहीं हो रही है। ऐसे में किसी तरह से माल को खरीदकर लाया जा रहा है। मौके का फायदा उठाकर उपकरण बनाने वाली कंपनियों ने भी 10 से 15 फीसदी दामों की बढ़ोतरी की है। इससे उपकरण महंगे मिल रहे हैं।
मजबूरी में हल्का मुनाफा कमाने के लिए थोक व्यापारी भी कुछ फीसदी दामों को बढ़ाकर माल को सप्लाई करते हैं और जब यह उपकरण बाजारों में फुटकर ब्रिक्री के लिए पहुंचते हैं तो इनकी कीमत और अधिक हो जाती है जो ऑक्सीमीटर थोक में 1300 का मिलता है वही फुटकर में 1800 से 2000 तक बेचा जा रहा है जिसका सीधा असर आम आदमी की जेब पर पड़ता है।
सबसे ज्यादा मांग ऑक्सीजन सिलेंडर और उसके रेगुलेटर की
दवा कारोबारियों की मानें तो इन दिनों बाजार में सबसे ज्यादा मांग ऑक्सीजन सिलेंडर और उसके रेगुलेटर की है। अधिकांश विक्रेताओं के पास यह उपलब्ध नहीं है। जिन दुकानदारों के पास है, वह फुटकर में दोगुने दामों में इसे बेच रहे हैं। ऑक्सीमीटर और मास्क की मांग अधिक है लेकिन बढ़े हुए दामों के साथ बाजार में वह आसानी से उपलब्ध हैं।
उपकरण मंहगे देने पर दुकान का बहिष्कार
सोशल मीडिया पर इन दिनों शहर के राजेंद्र नगर स्थित एक बड़े सर्जिकल व्यापारी का वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो मे व्यापारी की दुकान से किसी भी तरह का सामान न खरीदने की बात कही जा रही है। कहा जा रहा है कि उसकी दुकान का बहिष्कार किया जाए। इसका कारण है कि उपकरणों को अधिक दामों पर बेचना। वायरल वीडियो में आरोप लगाया जा रहा है कि दुकानदार ने संक्रमण बढ़ते ही चीजों के दामों को दोगुने से भी अधिक कर दिया है।
“उपकरणों को कोई भी दुकानदार प्रिंट रेट से अधिक में नहीं बेच सकता। यदि प्रिंट रेट ही अधिक आ रहे है तो मैं इसकी जांच कराती हूं। जो भी उपकरणों को अधिक दामों में बेच रहा होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।” -उर्मिला वर्मा, ड्रग इंस्पेक्टर
