बाबा रामदेव के खिलाफ डॉक्टरों की एक्शन कमेटी गठित
ज्ञानेंद्र सिंह, नई दिल्ली। पिछले कुछ समय से एलोपैथिक और कोरोना वैक्सीन को लेकर विवादों में आए योग गुरु बाबा रामदेव की मुश्किलें बढ़ गई हैं। उनकी गलत बयानी का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए डॉक्टरों ने एक एक्शन कमेटी का गठन किया है और उसकी बागडोर आईएमए के चार बार राष्ट्रीय महासचिव रहे डॉ …
ज्ञानेंद्र सिंह, नई दिल्ली। पिछले कुछ समय से एलोपैथिक और कोरोना वैक्सीन को लेकर विवादों में आए योग गुरु बाबा रामदेव की मुश्किलें बढ़ गई हैं। उनकी गलत बयानी का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए डॉक्टरों ने एक एक्शन कमेटी का गठन किया है और उसकी बागडोर आईएमए के चार बार राष्ट्रीय महासचिव रहे डॉ प्रेम अग्रवाल को सौंपी है।
उधर दिल्ली मेडिकल एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष डॉ जीएस ग्रेवाल ने बाबा रामदेव को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग की है उन्होंने दरियागंज थाने में एफआईआर भी लिखाई है। डॉक्टरों का तर्क है कि बाबा रामदेव को आईसीएमआर जैसी देश की विश्वस्त सर्वोच्च वैज्ञानिक संस्था के किसी भी क्रियाकलाप पर कुछ भी बोलने का अधिकार नहीं है इससे देश विदेश के वैज्ञानिकों की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची है और कोरोना वैक्सीन को लेकर एक बार फिर विवाद पैदा हुआ है।
द ग्रेवाल ने बताया कि बाबा रामदेव के पास किसी भी चिकित्सा पैथी की कोई डिग्री नहीं है और ना ही इनका किसी भी काउंसिल में पंजीकरण है। इसके बाद भी वह आयुर्वेद के माध्यम से एलोपैथ पर अनर्गल बयानबाजी करते रहते हैं जबकि पूरी दुनिया में कुरौना मरीजों का सफल इलाज एलोपैथिक के माध्यम से ही हो रहा है।
डॉक्टर ग्रेवाल के मुताबिक देशभर में एलोपैथिक डॉक्टर अपनी जान जोखिम में डालकर कोरोना मरीजों का उपचार कर रहे हैं ऐसे नाजुक समय में बाबा ने एलोपैथी के खिलाफ बयानबाजी करके राष्ट्रीय अपराध किया है। डॉक्टर ग्रेवाल ने बताया कि देश में महामारी कानून लागू है और उससे निपटने के लिए डॉक्टर, नर्स व स्वास्थ्य कर्मी दिन-रात जुटे हुए हैं मगर बाबा ने एलोपैथिक डॉक्टरों के कामकाज में बाधा पहुंचाने के लिए इस तरह के बयान दिए हैं ताकि डॉक्टर भड़क उठे और आम मरीजों को परेशानी हो। उनका कहना था कि देश भर में सैकड़ों डॉक्टरों की अब तक जाने जा चुकी हैं इसके बावजूद हम लोग मरीजों की दिन-रात सेवा करते रहेंगे लेकिन सरकार को चाहिए कि बाबा के विरुद्ध सख्त से सख्त कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार करें।
बाबा के विरुद्ध आंदोलन छेड़ने के लिए बनाई गई एक्शन कमेटी में सभी ब्रांच सेक्रेटरी व प्रमुख पदाधिकारियों को शामिल किया गया है। उधर आईएमए (हेड क्वार्टर) ने भी देशभर के स्टेट प्रेसिडेंट व सेक्रेटरी को ऑनलाइन बैठकें आयोजित करने के लिए कहा है। आईएमए के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ जय लाल ने दिल्ली के आईपी एक्सटेंशन थाने में भी एक रिपोर्ट लिखाई है।
