हल्द्वानी: बाइक से टक्कर मार वनकर्मी की नकदी उड़ाने वाले गिरोह का पुलिस ने खोला नाम
हल्द्वानी, अमृत विचार। रिटायर्ड वनकर्मी की हजारों की नकदी पर हाथ साफ करने की घटना को उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद के एक गिरोह ने अंजाम दिया था। इस गिरोह के एक सदस्य की गिरफ्तारी के बाद राज खुला है। इसके साथ ही गिरोह के सरगना समेत चार अन्य बदमाशों के नाम प्रकाश में आए हैं। …
हल्द्वानी, अमृत विचार। रिटायर्ड वनकर्मी की हजारों की नकदी पर हाथ साफ करने की घटना को उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद के एक गिरोह ने अंजाम दिया था। इस गिरोह के एक सदस्य की गिरफ्तारी के बाद राज खुला है। इसके साथ ही गिरोह के सरगना समेत चार अन्य बदमाशों के नाम प्रकाश में आए हैं। पुलिस ने बाकी बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए जाल बिछा दिया है।
इसी वर्ष 12 अप्रैल को शहर के कलावती कॉलोनी निवासी रिटायर्ड वन कर्मी 78 वर्षीय खेम चंद्र सनवाल को बाइक से टक्कर मारने और संभालने का झांसा देकर जेब से 49 हजार की नकदी पर हाथ साफ कर दिया गया था। इसी दिन पीड़ित ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पीड़ित के अनुसार बाइक सवार के साथ ही उनके पीछे से आए तीन अन्य युवकों ने इस वारदात को अंजाम दिया था। गुजरे रविवार को पुलिस ने इस घटना में शामिल उत्तर प्रदेश के जिला मुरादाबाद थाना कटघर निवासी सौरभ राणा को वारदात में प्रयुक्त बाइक के साथ गिरफ्तार किया था। आरोपी के कब्जे से वनकर्मी की जेब से उड़ाई गई 49 हजार की नकदी में से छह हजार रुपए भी बरामद किए थे।
पकड़े गए आरोपी से पूछताछ में खुलासा हुआ कि इस वारदात में उसके साथ सरगना समेत चार अन्य बदमाश में शामिल थे। पुलिस की जांच में इन बदमाशों के नाम खुल गए हैं। सभी बदमाश मुरादाबाद के थाना कटघर के रहने वाले हैं। गिरोह ने डीएम कैंप के सामने भारतीय स्टेट बैंक के आसपास रेकी के बाद इस वारदात को पंजाब नेशनल बैंक के बगल वाली गली में अंजाम दिया था। इससे पहले रिटायर्ड वनकर्मी बैंक से नकदी निकालने के बाद बदमाशों के निशाने पर आ गए थे। बदमाशों को यह तक पता था कि उन्होंने बाई जेब में नकदी रखी थी। कोतवाल मनोज रतूड़ी ने बताया कि गिरोह में शामिल अन्य लोगों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
डीएम कैंप के सीसीटीवी में हुए कैद
वारदात में शामिल बदमाशों को ट्रेस करने के लिए पुलिस ने बैंक के साथ ही डीएम कैंप के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। इस दौरान पीड़ित द्वारा बताए गए हुलिये के बदमाश डीएम कैंप के प्रवेश द्वार के पास लगाए गए सीसीटीवी कैमरे में कैद मिले। पुलिस ने पीड़ित को फुटेज दिखाकर इसकी पुष्टि भी कराई। इसके बाद पुलिस के हाथ सुराग लगाते हुए मुरादाबाद के गिरोह के एक सदस्य तक पहुंच गए।
बाइक का नंबर बदल कर की थी वारदात
बदमाशों ने अपनी पहचान छुपाने के भरसक प्रयास किए थे। बैंक के कैमरे में पहचान न खुले, इसके लिए बाहर से ही रेकी कर रहे थे। इतना ही नहीं, वारदात में प्रयुक्त बाइक का नंबर बदल दिया था। फर्जी नंबर प्लेट लगाकर वारदात की थी। पकड़े गए आरोपी के पास बरामद बाइक के चेसिस नंबर के आधार पर पुलिस ने पड़ताल की तो इसका पता चला। पुलिस बाइक के मालिक का भी पता लगा रही है।
