हल्द्वानी: नर्सों की मांग के आगे आखिरकार झुकी सरकार, परसों होने वाली परीक्षा करनी पड़ी स्थगित
हल्द्वानी, अमृत विचार। नर्सिंग भर्ती प्रक्रिया को लेकर चल रहे विरोध के आगे आखिरकार सरकार को झुकना ही पड़ा। नर्सों द्वारा 15 जून को भर्ती के तहत होने वाली लिखित परीक्षा को स्थगित करने की मांग मान ली गई है। अग्रिम आदेशों तक परीक्षा स्थगित कर दी गई है। उत्तराखंड प्राविधिक शिक्षा परिषद के सचिव …
हल्द्वानी, अमृत विचार। नर्सिंग भर्ती प्रक्रिया को लेकर चल रहे विरोध के आगे आखिरकार सरकार को झुकना ही पड़ा। नर्सों द्वारा 15 जून को भर्ती के तहत होने वाली लिखित परीक्षा को स्थगित करने की मांग मान ली गई है। अग्रिम आदेशों तक परीक्षा स्थगित कर दी गई है। उत्तराखंड प्राविधिक शिक्षा परिषद के सचिव की ओर से यह नोटिस जारी किया गया है।
मालूम हो कि प्रदेश सरकार द्वारा भर्ती प्रक्रिया को लेकर नर्सों में आक्रोश था। इसके विरोध में हल्द्वानी के बुद्ध पार्क में दो दिन से धरना भी दिया जा रहा था। वहीं उनका एक शिष्टमंडल इस बाबत मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत से भी मिला। उनका कहना है कि नर्सिंग स्टाफ कोविड के दौर में लगातार लोगों की सेवा में जुटा रहा। पिछले कई महीनों से वे जनप्रतिनिधियों से लेकर विभागीय अधिकारियों से गुहार लगा चुके हैं, लेकिन किसी ने नहीं सुनी।
उनकी मांग है कि उनके लिए वर्षवार नियुक्ति निकाली जाए, संविदा पर कार्यरत नर्सों को स्थायी किया जाए व परीक्षा केवल नए अभ्यर्थियों की जाए, क्योंकि लिखित परीक्षा अगर होती है तो वह इस आधार पर परीक्षा में पास नहीं हो पाएंगे, जबकि अनुभव के आधार पर वह हर तरह से सक्षम हैं। उन्होंने कहा था कि सरकार अगर परीक्षा जारी रखती है तो वह आंदोलन करने को बाध्य होंगे और इसके लिए अब वे सड़कों पर उतरने को बाध्य होंगे।
