बरेली: हाईटेंशन लाइन की चपेट में आया छत पर सो रहा युवक, मौत
बरेली, अमृत विचार। गर्मी अधिक होने की वजह से छत पर सो रहा युवक हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया। जिसके बाद उसकी मौके पर ही मौत हो गई। युवक की चीखपुकार सुनकर परिवार के अन्य लोग जब छत पर पहुंचे तो युवक मृत हालात में पड़ा हुआ था। हादसे की सूचना पर बारादरी …
बरेली, अमृत विचार। गर्मी अधिक होने की वजह से छत पर सो रहा युवक हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया। जिसके बाद उसकी मौके पर ही मौत हो गई। युवक की चीखपुकार सुनकर परिवार के अन्य लोग जब छत पर पहुंचे तो युवक मृत हालात में पड़ा हुआ था। हादसे की सूचना पर बारादरी पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
वहीं युवक की मौत के बाद परिवार में कोहराम मचा गया। मृतक मूल रूप से पीलीभीत का रहने वाला था। वह दो साल से नवादा शेखान में किराए के मकान में रहकर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहा था। युवक की मौत के बाद स्थानीय लोगों में बिजली निगम के खिलाफ आक्रोश है।

जिला पीलीभीत के गांव लुहिछा गांव का रहने वाला 32 वर्षीय संदीप पुत्र भगवानदास मजदूरी करके अपने परिवार का पालन पोषण करता था। युवक की पत्नी पूनम देवी ने बताया कि वह पिछले दो साल से बारादरी थानाक्षेत्र के नवादा शेखान में दीपक के मकान में किराए पर रह रही है। बताया कि मंगलवार की रात गर्मी अधिक होने की वजह से वह छत पर सोने चले गए। इसी बीच रात करीब एक बजे लघुशंका के लिए उठा तो वह मकान के ऊपर से गुजर रही बिजली की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया।
हादसे के बाद युवक की पत्नी जब छत पर पहुंची तो देखा कि उसके पति की मौत हो चुकी थी। पत्नी की चीख पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। लोगों का कहना है कि कई बार बिजली निगम के अधिकारियों को लिखित में शिकायत देकर तार हटाने की मांग की है। मगर अभी तक तार नहीं हटा पाए है। हाईटेंशन तार को लेकर लोगों में आक्रोश है।

पत्नी बोली- अब जीवन काटना होगा मुश्किल
पति की मौत के बाद उसकी पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है। पत्नी पूनम ने बताया कि दो साल पति अपना पैतृक गांव छोड़कर रोजी-रोटी की तलाश में बरेली आए थे। मजदूरी कर वह अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। विलाप करते हुए पत्नी बोली कि तुम हमें पल भर में छोड़ कर चले गए। अब छोटे-छोटे दो बेटों के साथ जीवन काटना बहुत मुश्किल हो जाएगा। महिला बताने के बीच में ही कई बार बेहोश हो जा रही थी।
