ओलंपिक खेलों में भारतीय निशानेबाजों को पृथकवास की जरूरत नहीं, जल्द शुरू करेंगे अभ्यास
नई दिल्ली। भारतीय निशानेबाजों को ओलंपिक खेलों से पहले पृथकवास पर रहने की आवश्यकता नहीं है और वे 19 जुलाई से अभ्यास शुरू कर देंगे। भारतीय निशानेबाजी दल शनिवार को तड़के खेल गांव पहुंचा जहां उन्हें उनके कमरे सौंप दिये गये। निशानेबाजी की स्पर्धाएं असाका शूटिंग रेंज पर होगी जो कि उत्तर पश्चिम टोक्यो में …
नई दिल्ली। भारतीय निशानेबाजों को ओलंपिक खेलों से पहले पृथकवास पर रहने की आवश्यकता नहीं है और वे 19 जुलाई से अभ्यास शुरू कर देंगे। भारतीय निशानेबाजी दल शनिवार को तड़के खेल गांव पहुंचा जहां उन्हें उनके कमरे सौंप दिये गये।
निशानेबाजी की स्पर्धाएं असाका शूटिंग रेंज पर होगी जो कि उत्तर पश्चिम टोक्यो में सैइतामा में स्थित है। इसी स्थल पर 1964 ओलंपिक में भी निशानेबाजी प्रतियोगिता हुई थी।
भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ (एनआरएआई) के सचिव राजीव भाटिया ने कहा, ”उन्हें खेल गांव में कमरे आवंटित कर दिये गये हैं और वे 19 जुलाई से अभ्यास शुरू करेंगे। उन्हें पृथकवास या अलग थलग रहने की जरूरत नहीं है क्योंकि वे क्रोएशिया से वहां पहुंचे हैं।
” उन्होंने बताया कि नारिता हवाई अड्डे पर सहजता से सभी औपचारिकताएं पूरी की गयी और निशानेबाजी दल को किसी तरह की परेशानी नहीं हुई। खिलाड़ी सोमवार को शूटिंग रेंज का दौरा कर सकते हैं।
उन्होंने कहा, ”यूरोप से लंबी उड़ान के बाद वे थके हैं। वे पर्याप्त विश्राम करने के बाद ही अभ्यास शुरू करेंगे।” ओलंपिक खेल 23 जुलाई से शुरू होकर आठ अगस्त को समाप्त होंगे। निशानेबाजी की स्पर्धाएं उदघाटन समारोह के अगले दिन से शुरू हो जाएंगी और 10 दिन तक चलेंगी।
भारत के अन्य खेलों के खिलाड़ी स्वदेश से जा रहे हैं और उन्हें तोक्यो पहुंचने पर तीन दिन तक पृथकवास पर रहना होगा।
