हल्द्वानी: सरकार के 93 करोड़ दबाने पर शराब कारोबारियों पर बैठी जांच
हल्द्वानी, अमृत विचार। पिछले चार साल से 93 करोड़ राजस्व पर कुंडली जमाए बैठे शराब कारोबारियों के पर सरकार की नजर टेढ़ी हो गई है। आबकारी मंत्री ने राजस्व बकाया मामले की जांच के आदेश दिए हैं। इसके बाद शासन ने आबकारी अधिकारियों को जांच सौंप दी है। आबकारी मंत्री ने जल्द से जल्द जांच …
हल्द्वानी, अमृत विचार। पिछले चार साल से 93 करोड़ राजस्व पर कुंडली जमाए बैठे शराब कारोबारियों के पर सरकार की नजर टेढ़ी हो गई है। आबकारी मंत्री ने राजस्व बकाया मामले की जांच के आदेश दिए हैं। इसके बाद शासन ने आबकारी अधिकारियों को जांच सौंप दी है। आबकारी मंत्री ने जल्द से जल्द जांच रिपोर्ट मांगी है।
राज्य में शराब कारोबारी सरकार के 93 करोड़ रुपए दबाए बैठे हैं। चार साल बाद भी महकमा इन कारोबारियों ने अधिभार जमा नहीं करवा पाया है। विभागीय कार्यवाही के साथ ही इन शराब कारोबारियों की आरसी भी कट चुकी है। इतने सालों से बड़ी रकम दबाने के मामले में आबकारी अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। इससे सीधे तौर पर सरकार को चूना लगा है। जबकि शराब दुकानें हर साल उठती रहीं हैं। दूसरी ओर काफी प्रयास के बाद भी विभाग इन कारोबारियों की जेब से सरकार की कमाई नहीं निकलवा सका। इसको आबकारी मंत्री यशपाल आर्य ने काफी गंभीरता से लिया है। उन्होंने राजस्व बकाया मामले की जांच के आदेश दिए हैं। इसके बाद शासन ने इस प्रकरण पर जांच बैठा दी है।
कांडपाल को कुमाऊं, चौहान करेंगे गढ़वाल की जांच
हल्द्वानी। गढ़वाल में शराब कारोबारियों पर सरकार का सर्वाधिक बकाया है। मंडल में सरकार को कारोबारियों से 65 करोड़ से अधिक रकम लेनी है। लगभग 25 करोड़ रुपए कुमाऊं पर बकाया हैं। शासन ने गढ़वाल में बकाया की जांच संयुक्त आबकारी आयुक्त जबकि कुमाऊं में जांच संयुक्त आबकारी आयुक्त केके कांडपाल को सौंपी गई है।
आबकारी मंत्री ने समीक्षा के दौरान जताई थी नाराजगी
हल्द्वानी। शराब कारोबारियों के सरकार पर 93 करोड़ रुपए पिछले चार साल से बकाया होने को आबकारी मंत्री ने गंभीरता से लिया था। उन्होंने महकमे की समीक्षा बैठक में अब तक बकाया वसूली न होने पर कड़ी नाराजगी जताई थी। आबकारी मंत्री इस प्रकरण में आबकारी अधिकारियों के जवाब से भी संतुष्ट नहीं थे। उन्होंने प्रकरण की जांच कराने के संकेत दिए थे।
सरकारी खजाने को हाथ लगाने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी। जिम्मेदार अधिकारियों पर भी कार्यवाही होगी। सालों से बकाया 93 करोड़ धनराशि की जांच के आदेश दिए हैं। महकमे को जल्द से जल्द जांच रिपोर्ट देने को कहा है।
-यशपाल आर्य, आबकारी मंत्री, उत्तराखंड
