पंतनगर: प्रधानाचार्य पर अंक वितरण में भेदभाव का आरोप

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पंतनगर, अमृत विचार। आरटीआई कार्यकर्ता राजेश सिंह ने कुलपति एवं संरक्षक कैम्पस स्कूल को एक शिकायती पत्र सौंप परिसर स्थित कैम्पस स्कूल के प्रधानाचार्य पर इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों के परीक्षा के अंकों का गलत डाटा सीबीएसई बोर्ड को भेजने का आरोप लगाया है। उन्होंने प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए इसकी उच्चस्तरीय जांच कराने और …

पंतनगर, अमृत विचार। आरटीआई कार्यकर्ता राजेश सिंह ने कुलपति एवं संरक्षक कैम्पस स्कूल को एक शिकायती पत्र सौंप परिसर स्थित कैम्पस स्कूल के प्रधानाचार्य पर इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों के परीक्षा के अंकों का गलत डाटा सीबीएसई बोर्ड को भेजने का आरोप लगाया है। उन्होंने प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए इसकी उच्चस्तरीय जांच कराने और दोषियों के खिलाफ दण्डात्मक कार्यवाही की मांग की है। वहीं मामले में कैम्पस स्कूल के प्रधानाचार्य ने सभी आरोपों को सिरे से नकारा है।

आरटीआई कार्यकर्ता राजेश सिंह का कहना है कि परिसर स्थित सीबीएसई संबंद्व विद्यालय कैम्पस स्कूल के केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड का वर्ष 2020-21 का इंटरमीडिएट का परीक्षाफल 30 जुलाई 2021 को घोषित किया गया था। कोरोना-19 के संक्रमण के चलते ऑफ लाइन परीक्षा को स्थगित कर दिया गया था। रिजल्ट सीबीएसई द्वारा उपलब्ध कराई गई नियमावली के अनुसार तैयार करने की जिम्मेदारी संबंधित विद्यालयों को दी गई थी। जिसमें विद्यालय के प्रधानाचार्य ने विद्यार्थियों के अंकों से संबंधित डाटा (रिजल्ट) संबंधित स्कूल द्वारा सीबीएसई बोर्ड को भेजा गया। आरोप है कि कैम्पस स्कूल के प्रधानाचार्य द्वारा अंको में उलटफेर करते हुए गलत अंकों का डाटा सीबीएसई को भेज दिया।

राजेश सिंह का कहना है कि सीबीएसई के 12वीं परीक्षा परिणाम को देखने के बाद यह जानकार आश्चर्य हुआ कि 7 विद्यार्थियों को इलैक्ट्रानिक्स टेक्नालॉजी विषय में 100 में से 100 अंक प्राप्त हुए लेकिन इनमें से कई विद्यार्थी ऐसे भी हैं जिनके अंको का योग सीबीएसई नियमावली के अनुसार किसी भी स्थिति में 100 में से 100 अंक प्राप्त करना संभव नहीं हो सकता। इस मामले में कैम्पस स्कूल के प्रधानाचार्य डॉ. बीसी पाठक ने बताया कि उनके ऊपर लगाए गए सभी आरोप बेबुनियाद है। उन्होंने कहा कि नंबर का वितरण सीबीएसई के नियमानुसार किया गया है। वहीं किसी भी शिक्षक की नियुक्ति सलेक्शन कमेटी द्वारा की जाती है। इसलिए सभी आरोप गलत व निराधार है।

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