हल्द्वानी: मुफ्त मछली न देने पर युवक की पीट-पीटकर हत्या

Amrit Vichar Network
Edited By Amrit Vichar
On

हल्द्वानी, अमृत विचार। मुफ्त मछली न देने पर कुछ युवकों ने दुकानदार को पीट-पीट कर मार डाला। उस पर न सिर्फ धारदार हथियार से हमला किया, बल्कि विरोध करने पर उसे दो मंजिल से नीचे फेंक दिया। मारपीट में गंभीर रूप से घायल युवक को इलाज के लिए एसटीएच में भर्ती कराया गया था, जहां आठ …

हल्द्वानी, अमृत विचार। मुफ्त मछली न देने पर कुछ युवकों ने दुकानदार को पीट-पीट कर मार डाला। उस पर न सिर्फ धारदार हथियार से हमला किया, बल्कि विरोध करने पर उसे दो मंजिल से नीचे फेंक दिया। मारपीट में गंभीर रूप से घायल युवक को इलाज के लिए एसटीएच में भर्ती कराया गया था, जहां आठ दिन चले लंबे इलाज के बाद बुधवार सुबह दुकानदार ने दम तोड़ दिया। मामले में चार लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज की गई है।

नरतोला ओखलकांडा निवासी भगवान सिंह पुत्र गणेश सिंह पडियार (33) यहां पत्नी सोनिया, दो बेटिया प्रियांशी (3) व डेढ़ वर्षीय खिलेश के साथ रहते थे। भगवान सिंह ने घर से करीब 20 किलो मीटर दूर मछली की दुकान खोली थी। बताया जाता है कि बीती दो नवंबर की रात भगवान दुकान बढ़ा कर घर लौटने की तैयारी कर रहे थे कि तभी भगवान के गांव में रहने वाले चंचल सिंह, खुशाल सिंह, सुनील जोशी व भूपाल सिंह दुकान पहुंचे और मछली की मांग करने लगे। मृतक के पिता गणेश का आरोप है कि भगवान ने दुकान बंद करने का हवाला दिया और मछली देने से इंकार कर दिया। जिस पर युवकों ने नाराजगी जाहिर की।

बहरहाल, भगवान मछली देने को राजी हो गया और इसके लिए उसने दोबारा दुकान खोली। मछली तौल कर भगवान ने युवकों को दे दी और जब पैसे मांगने लगे तो चारों युवक भड़क गए। युवकों ने रौब गांठा और पैसे देने से इंकार कर दिया। जिस पर भगवान भी भड़क गया। भगवान के विरोध से बौखलाए युवकों ने हमला कर दिया और मारपीट शुरू कर दी। उस पर धारदार हथियार से हमलाकर बुरी तरह घायल कर दिया, लेकिन भगवान ने जब विरोध जारी रखा तो आरोपियों ने उसे दो मंजिल से नीचे फेंक दिया और मरा समझ कर आरोपी मौके से फरार हो गए। कुछ लोगों ने इसकी सूचना परिजनों को दी।

जिसके बाद मौके पर पहुंची परिजनों ने बुरी तरह घायल भगवान को इलाज के लिए सुशीला तिवारी राजकीय चिकित्सालय में भर्ती कराया। दो नवंबर की रात से भर्ती भगवान की बुधवार 10 नवंबर की रात मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया। इस मामले में पटवारी प्रकाश देवतल्ला ने बताया कि मृतक भगवान के पिता गणेश की तहरीर पर मारपीट में रिपोर्ट दर्ज की गई थी। मृत्य के बाद रिपोर्ट को हत्या में तरमीम कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है।

पिता रिटायर्ड आर्मी जवान, भाई भी आर्मी में
हल्द्वानी। मृतक भगवान का पूरा परिवार आर्मी से जुड़ा है। बताया गया कि भगवान के पिता गणेश आर्मी में हवलदार पद से सेवानिवृत्त हुए। भगवान के दो और भाई हैं और दोनों ही आर्मी में तैनात हैं। सिर्फ एक भगवान ही था, जो घर में रह कर दुकान चलाता था और खेती करता था।

संबंधित समाचार