बाजपुर: पूर्व कर्मचारी पर फर्जी तरीके से वाहनों का बीमा करने का आरोप
बाजपुर, अमृत विचार। अभिकर्ता ने अपने पूर्व कर्मचारी पर बीमा कोड का गलत इस्तेमाल करते हुए फर्जी तरीके से वाहनों के बीमा पॉलिसी जारी करने का आरोप लगाते हुए कोतवाली में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। वहीं पुलिस ने जांच वास्ते तहरीर रिसीव कर ली है। शुक्रवार को दोपहर में विहिप के जिला …
बाजपुर, अमृत विचार। अभिकर्ता ने अपने पूर्व कर्मचारी पर बीमा कोड का गलत इस्तेमाल करते हुए फर्जी तरीके से वाहनों के बीमा पॉलिसी जारी करने का आरोप लगाते हुए कोतवाली में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। वहीं पुलिस ने जांच वास्ते तहरीर रिसीव कर ली है।
शुक्रवार को दोपहर में विहिप के जिला मंत्री यशपाल राजहंस के साथ कोतवाली पहुंचे मुड़िया पिस्तौर निवासी राकेश सिंह ने कोतवाल रमेश तनवार से मुलाकात कर तहरीर सौंपी जिसमें कहा गया है कि वह नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से अभिकर्ता है।
वह बाजपुर स्थित कार्यालय में स्वयं एवं गदरपुर स्थित कार्यालय में गदरपुर के ही रहने वाले एक युवक के साथ मिलकर वाहन बीमा का कार्य करता है। 14 दिसंबर को कंपनी के रुद्रपुर कार्यालय गया तो मैनेजर ने उसकी आईडी/कोड से 10 वाहनों के कूटरचित बीमा दिखाए जिसके चलते वह खुद भी अचंभित रह गया।
फर्जी बीमा पॉलिसी को देखने व जांच करने पर उसे शक हुआ कि यह गदरपुर कार्यालय में पूर्व में तैनात रहे एक कर्मचारी का काम हो सकता है। इस बाबत आरोपित कर्मचारी से पूछताछ की तो उसने एक रजिस्टर में लिखे राकेश सिंह के आईडी व पासवर्ड को चोरी करने तथा सितंबर व अक्टूबर 2020 में अपने घर से लैपटॉप के जरिए बीमा पॉलिसी फर्जी तरीके से जारी करने की बात बताई।
अभी तक जांच के दौरान 17 पॉलिसी फर्जी तरीके से बनाए जाने की जानकारी सामने आई है जिसमें कामर्शियल वाहन ट्रैक्टर एवं प्राइवेट कार की श्रेणी को दोपहिया की श्रेणी में परिवर्तित कर बीमा जारी किए गए हैं और इसमें वाहन स्वामियों की मिलीभगत भी हो सकती है। तहरीर में पूरे मामले की जांच कर आरोपित पर कार्रवाई की मांग की गई है। वहीं समाचार लिखे जाने तक मामला दर्ज नहीं हुआ था, अलबत्ता पुलिस ने जांच के लिए तहरीर रिसीव कर ली है।
