रुद्रपुर: रोडवेज स्टेशन में फोरमैन को जाने से रोका, भड़के कर्मचारियों का हंगामा
रुद्रपुर, अमृत विचार। रोडवेज परिसर में गार्ड ने फोरमैन को रोक लिया। उनसे पहले आईकार्ड मांगा। जब वह आईकार्ड नहीं दिखा सके तो उनकी स्कूटी के आगे खड़ा हो गया। काफी बहस और गहमागहमी के बाद भी जब प्रवेश नहीं मिला तो फोरमैन को एआरएम को सूचित करना पड़ा। एआरएम के कहने के बाद ही …
रुद्रपुर, अमृत विचार। रोडवेज परिसर में गार्ड ने फोरमैन को रोक लिया। उनसे पहले आईकार्ड मांगा। जब वह आईकार्ड नहीं दिखा सके तो उनकी स्कूटी के आगे खड़ा हो गया। काफी बहस और गहमागहमी के बाद भी जब प्रवेश नहीं मिला तो फोरमैन को एआरएम को सूचित करना पड़ा। एआरएम के कहने के बाद ही उन्हें प्रवेश दिया गया। इस घटना के बाद कर्मचारियों में रोष पनप गया है।
रविवार की सुबह डिपो के फोरमैन दयाशंकर सैनी रोडवेज आए। उनकी स्कूटी को गार्ड ने रोडवेज के प्रवेश द्वार पररोक लिया। गार्ड ने प्रवेश को लेकर आईकार्ड मांगा तो इस पर बहस हो गई। काफी देर तक जब उन्हें कहासुनी के बाद भी प्रवेश नहीं मिला तो उन्होंने एआरएम राकेश कुमार को इसकी जानकारी दी। उनके सिफारिश करने के बाद ही गार्ड ने फोरमैन को अंदर जाने दिया। इसके बाद कर्मचारियों में रोष बना हुआ है। उनका कहना है कि आईकार्ड भूलने पर यदि प्रवेश नहीं दिया जाता है तो इससे सरकारी काम में व्यवधान और विलंबता होगी। जबकि पहले कभी भी इस तरह की अव्यवस्था नहीं हुई।
बोले एआरएम
एआरएम राकेश कुमार के अनुसार बस डिपो पीपीपी मॉडल पर एक कंपनी निर्माण करा रही है। व्यवस्था को देखते हुए उसने दोनों गेटों पर बैरियर लगा कर गार्डों को तैनात कर दिया है। कंपनी के ठेकेदार का कहना है कि यह व्यवस्था डिपो में अनावश्यक वाहनों के प्रवेश रोकने के लिए की गई है। इससे बाहरी लोग बेवजह न आएं और अव्यवस्था न हो।। आईकार्ड से कर्मचारी की पहचान हो जाती है।
फोरमैन का आरोप
फोरमैन दया शंकर सैनी का कहना है कि कर्मचारियों के साथ यह गलत व्यवहार हो रहा है। सालों से इस तरह की परेशानी सामने नहीं आई है। रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष सैनी ने कहा कि कर्मचारियों के साथ हो रहे इस दुर्व्यहार से सभी आहत हैं। कर्मचारियों का प्रवेश रोका जा रहा है जबकि अन्य वाहन बिना रोकटोक के अंदर प्रवेश कर रहे हैं।
